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आग से झुलसकर महिला समेत दो की मौत

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आग से झुलसकर महिला समेत दो की मौत
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गांव चफंदी में खाना बनाते समय झुलसी थी महिला
गोला में आंधी से गिरी ढिबरी ने ली युवक की जान, बचाने के प्रयास में भाई झुलसा
अमर उजाला ब्यूरो
लखीमपुर खीरी। सदर कोतवाली के गांव चफंदी में बुधवार की शाम खाना बनाते समय एक महिला और गोला गोकर्णनाथ क्षेत्र में आंधी के दौरान ढिबरी गिरने से गांव हफीजपुर निवासी एक युवक झुलस गया। घर वालों ने दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उपचार के दौरान दोनों की मौत हो गई।
गांव चफंदी निवासी शत्रोहन लाल ने बताया कि उनके छोटे पुत्र मिथलेश का 11 मई को तिलकोत्सव है। घर के सभी लोग जेवर आदि सामान खरीदने के लिए बुधवार को लखीमपुर शहर आए थे। घर पर बड़े पुत्र रामू की पत्नी 33 वर्षीय ऊषा देवी और उसके छोटे-छोटे दो बच्चे थे। शाम करीब पांच बजे पुत्रवधू ऊषा देवी कमरे में गैस चूल्हे पर खाना बना रही थी। इसी बीच अचानक गैस सिलेंडर से भड़की आग ने ऊषा देवी के कपड़ों को अपनी चपेट में ले लिया। इस पर ऊषा देवी चीखती-चिल्लाती घर के बाहर भागी। मां को चिल्लाते देख उसके बच्चे भी रोने-बिलखने लगे। चीख पुकार होने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और किसी तरह से ऊषा देवी को बचाया। सूचना पर वह लोग भी लखीमपुर से घर पहुंचे। झुलसी पुत्रवधू को आनन-फानन में जिला अस्पताल लाकर भर्ती कराया गया, जहां बृहस्पतिवार की तड़के ऊषा देवी ने दम तोड़ दिया। इससे उसके घर में कोहराम मच गया। उधर, गोला गोकर्णनाथ के गांव हफीजपुर निवासी कि शन ने बताया कि बुधवार की शाम उसका भाई 30 वर्षीय सुरजन घर के अंदर लेटा था। इसी दौरान आई तेज आंधी से चारपाई के पास पटले पर रखी जलती हुई ढिबरी भाई सुरजन के ऊपर गिर गई, जिससे आग लग गई। आग की लपटों से घिरा भाई घर के बाहर भागा। शोरशराबा होने पर वह भी मौके पर पहुंचा और भाई को बचाने का प्रयास करने लगा। इस दौरान उसके दोनों हाथ झुलस गए। घर वालों ने गंभीर रूप से झुलसे सुरजन को जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां बृहस्पतिवार की तड़के करीब चार बजे उसकी मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पुलिस ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम कराया है।
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बहू की मौत से शादी की खुशियां मातम में बदली
आज था मृतका के देवर का तिलक, कल जानी थी बारात
लखीमपुर खीरी। गांव चफंदी निवासी शत्रोहन के घर हंसी खुशी का माहौल था। वजह थी कि उसके छोटे पुत्र मिथलेश का 11 मई को तिलकोत्सव था और 12 को उसकी बारात जानी थी, लेकिन बुधवार की शाम झुलसकर बड़ी पुत्रवधू ऊषा देवी की हुई मौत से परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं।
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गांव चफंदी निवासी शत्रोहन लाल साधारण किसान हैं। उन्होंने अपने छोटे बेटे की शादी थाना खीरी क्षेत्र के गांव मपखापुर से तय की थी। 11 मई को तिलक था और 12 मई को बारात जानी थी। घर में बड़ी होने के कारण ऊषा देवी अपने देवर की शादी को लेकर काफी खुश थी। तैयारियां भी जोरों पर चल रहीं थीं, लेकिन बुधवार की शाम आग से झुलसकर ऊषा देवी की मौत से शादी की खुशियां पल भर में मातम में बदल गईं। मृतका ऊषा देवी के एक पुत्री सात वर्षीय निशा और एक पांच वर्षीय पुत्र श्यामू है। दोनों बच्चों के सिर से मां का साया भी उठ गया। सूचना पर पहुंचे मृतका के मायके वालों का भी रो-रोकर बुरा हाल है।
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