लखीमपुर खीरी। लखीमपुर, सीतापुर और गोला डिपो की करीब 200 अनुबंधित बसों के पहिए सोमवार रात 12 बजे से मंगलवार दिनभर थमे रहे। परिवहन निगम अधिकारियों की मान-मनौव्वल और डीएम-एसपी के आश्वासन पर पदाधिकारियों ने दोपहर बाद हड़ताल खत्म कर दी। अनुबंधित बस मालिकों ने बुधवार सुबह चार बजे से सभी रूट पर बसों का संचालन शुरू करने की बात कही है।
बसें न चलने से सुबह के समय यात्रियों को दिक्कत हुई। बाद में सीतापुर, शाहजहांपुर, गोला, हरदोई व कन्नौज डिपो की निगम की बसों ने यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने की जिम्मेदारी संभाल ली। आरएम और एआरएम ने कई घंटे तक पदाधिकारियों के साथ बैठक की। अनुबंधित बस ऑपरेटर्स एसोसिएशन के लखीमपुर शाखा के अध्यक्ष प्रदीप पटेल ने बताया कि बैठक में डीएम-एसपी ने रक्षाबंधन के बाद अनधिकृत संचालित बसों पर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। पर्व के बाद अभियान चलाया जाएगा। बैठक में संरक्षक प्रेम प्रकाश बाजपेयी, श्रवण कुमार गुप्ता व अन्य पदाधिकारियाें ने प्रतिभाग किया।
पांच डिपो से मंगाई गईं 75 बसें
यात्रियों को किसी तरह की असुविधा न हो इसके लिए सीतापुर, गोला, शाहजहांपुर, हरदोई और कन्नौज डिपो से निगम की बसें मंगाई गईं हैं। इन पांच डिपो की 75 बसों ने यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाया। सीतापुर, गोला व शाहजहांपुर से 20-20 बसें लखीमपुर भेजी गईं। हरदोई से 10 व कन्नौज की पांच बसें लखीमपुर आईं। जरुरत पड़ने पर लखनऊ डिपो से 10 बसें और भेजने के लिए कहा गया है।
एआरएम मुकेश मेहरोत्रा ने बताया कि अलग-अलग डिपो से मंगाकर 60 बसें संचालित की गईं हैं। अन्य बसों की व्यवस्था भी की गई थी, लेकिन विवाद सुलझ जाने के बाद अब कोई दिक्कत नहीं है। वहीं शाहजहांपुर रूट पर चलने वाली गोला डिपो की अनुबंधित बसें हड़ताल में शामिल नहीं रहीं। यह बसें लखीमपुर से शाहजहांपुर जाने वाले यात्रियों को लेकर जाती नजर आईं।
अनुबंधित की हड़ताल, फर्राटा भरती रही डग्गामार
लखीमपुर खीरी। अनुबंधित बस संचालकों ने जिन डग्गामार बसों पर रोकथाम की मांग को लेकर हड़ताल की। अनधिकृत रूप से संचालित वह बसें मंगलवार को भी फर्राटा भरती नजर आईं। राजापुर और एलआरपी चौराहे पर अनधिकृत संचालित बसाें के चालक सवारियां बिठाते-उतारते नजर आए। दोपहर 12:10 बजे एलआरपी चौराहे पर एक प्राइवेट बस में सवारियां बैठाई जा रहीं थीं। पास में ही परिवहन निगम की बसें भी खड़ी थीं। वहीं राजापुर चौराहे के पास निजी सवारी वाहन सड़क पर ही खड़े नजर आए। यह वाहन पुलिस चौकी से बमुश्किल 50 मीटर की दूरी पर खड़े थे। अनुबंधित बसों के संचालकाें ने लखीमपुर-लखनऊ रूट पर संचालित इन डग्गामार बसों की रोकथाम को लेकर ही हड़ताल की थी। संवाद
निर्माणाधीन ओवरब्रिज पर खड़ी अनुबंधित बसें
निर्माणाधीन ओवरब्रिज पर खड़ी अनुबंधित बसें