मझगईं। इलाके के नयापुरवा में स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे जान जोखिम में डालकर तीन फुट पानी भरा नाल पारकर स्कूल जाने को विवश हैं। ऐसे में उनकी जान पर हमेशा खतरा बना रहता है।
कस्बा के मजरा नयापुरवा में करीब आठ साल पहले आई बाढ़ से गांव के बीचोबीच एक नाला बन गया था। जिससे छोटा सा गांव दो हिस्सों में बंट गया था। बरसात में यही नाला ग्रामीणों के लिए मुसीबत का सबब बन जाता है। स्कूल जाने वाले नौनिहालों को भी जान जोखिम में डालकर नाला पार करना पड़ता है।
ग्रामीणों ने बताया कि एक तो गांव के बीचोबीच बने इस नाले से ग्रामीण परेशान हैं, वहीं दूसरी तरफ निघासन रोड से गांव आने वाली डामर रोड का भी नामोनिशान मिट चुका है। बजड़ी, मौरंग के अलावा रोड पर कुछ भी नहीं दिखता है। जिससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। अभी 20 दिन पूर्व ही जर्जर रोड को लेकर ग्रामीणों ने प्रदर्शन कर रोड नहीं तो वोट नहीं की चेतावनी दी थी, लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है।