गोला गोकर्णनाथ। सावन के चौथे सोमवार को छोटी काशी में आस्था का जनसमूह उमड़ा। पौराणिक शिव मंदिर में चार लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया।
पौराणिक शिव मंदिर के कपाट रात दो बजे से ही खोल दिए गए। विशाल आस्था का जनसमूह देख अधिकारियों के पसीने छूट गए। शिवभक्तों ने भोलेनाथ का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि की कामना की और गोकर्णतीर्थ में डुबकी लगाकर दान पुण्य किया।
आस्था का यह सैलाब सोमवार की मध्यरात्रि तक जारी रहा। भीड़ को नियंत्रित करने और मेला व्यवस्थाओं में एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता, नगर पालिका अध्यक्ष विजय शुक्ला रिंकू, तहसीलदार सुखबीर सिंह, नायब तहसीलदार भानु प्रताप सिंह, सर्वेश यादव, सीओ अजेंद्र यादव, प्रभारी निरीक्षक रमेश चंद पांडे सहित बड़ी संख्या में पीएसी और पुलिस के जवान मौजूद रहे।
एसपी गणेश प्रसाद साहा ने सावन के चौथे सोमवार सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
भीड़ में फंसकर परेशान हुए श्रद्धालु
शिव मंदिर के मुख्य मार्ग में बड़े धर्मशाला के पास का बैरियर सबसे अधिक दबाव का पॉइंट है। यहीं से गर्भ गृह के लिए श्रद्धालु छोड़े जाते हैं। इस पॉइंट पर भीड़ बढ़ने से कई महिलाएं, युवतियां और उम्र दराज श्रद्धालु बेहोश हो गए। सुरक्षा कर्मियों ने मेला कार्यालय के मेडिकल पटल पर पहुंचकर उनका इलाज कराया।
भीड़ के बीच विचरण करते दिखे छुट्टा पशु
सावन मेले को लेकर के जहां प्रशासन और नगर पालिका परिषद ने समुचित प्रबंध किया है, वहीं लापरवाही भी उजागर हुई। गोकर्ण तीर्थ और नीलकंठ मैदान परिसर में भीड़ के बीच छुट्टा पशु विचरण करते नजर आए।
यहां रही पार्किंग व्यवस्था
शहर की सुचारु यातायात व्यवस्था और सुरक्षा की दृष्टि से रोडवेज डिपो का संचालन बाईपास चौराहा, पार्किंग स्थल लखीमपुर मार्ग पर रिलायंस पेट्रोल पंप के पीछे जंगल के निकट, अलीगंज मार्ग पर कृषि उत्पादन मंडी समिति, मोहम्मदी मार्ग पर कंजा देवी स्थान बनाया गया। रोडवेज डिपो और पार्किंग स्थलों की दूरी शिव मंदिर से करीब एक किलोमीटर है। यहां से शिव भक्तों को नंगे पांव मंदिर आना जाना पड़ा।