लखीमपुर। परिषदीय विद्यालयों की चहारदीवारी में लाखों की गड़बड़ी के मामले में पूर्व जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी (डीएसटीओ) तिलक सिंह, वरिष्ठ सहायक आदित्य प्रकाश व यूपीपीसीएल के प्रयोजन प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आर्थिक अपराध शाखा लखनऊ ने जांच तेज कर दी है। बृहस्पतिवार को आर्थिक अपराध शाखा के विवेचक विकास भवन पहुंचे और पूरे प्रकरण के दस्तावेज व जानकारी ली।
वर्ष 2016-17 में बॉर्डर डेवलपमेंट योजना के तहत तिकुनिया क्षेत्र के कड़ियां और रननगर में 120 मीटर तक परिषदीय विद्यालयों में चहारदीवारी बनाई जानी थी। वर्ष 2017-18 में यह प्रस्ताव पास करा लिया गया। यह प्रोजेक्ट करीब 26 लाख का था। शिकायत के बाद जांच शुरू की गई तो परत दर परत खुलती चली गई।
आठ साल तक चली जांच के बाद अब आर्थिक अपराध शाखा ने रिपोर्ट दर्ज कराई। आर्थिक अपराध शाखा के इंस्पेक्टर शिव शरण त्रिवेदी ने विकास भवन में मौजूदा डीएसटीओ अरविंद वर्मा से मुलाकात की। बताया गया कि 120 मीटर की जगह सिर्फ 60 मीटर ही कार्य कराया गया।