धौरहरा। अपनी ही भूमि की सुरक्षा को लेकर रविवार को कोतवाली परिसर पहुंचे सैकड़ों लोगों की आत्मदाह की धमकी के बाद पुलिस ने पीड़ितों पक्ष के ही 21 लोगों के खिलाफ नामजद और कई अज्ञात के मुकदमा दर्ज किया है। इन पर सरकारी कार्य में बाधा डालने व बलवे का मुकदमा दर्ज किया गया है।
कोतवाली क्षेत्र धौरहरा के ग्राम पंचायत सुजईकुंडा के मजरा पंडितपुरवा निवासी सैकड़ों ग्रामीण रविवार शाम क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति पर पट्टे की भूमि पर कब्जा करने की शिकायत लेकर आए थे। कोतवाली परिसर में लचर और पक्षपात पूर्ण पुलिसिया कार्रवाई पर ग्रामीण भड़क उठे थे। पुलिस पर मिलीभगत कर भ्रष्टाचार करने का आरोप लगाया था। इस दौरान धौरहरा पुलिस से प्रताड़ित ग्रामीणों ने डीजल छिड़कने की कोशिश कर आत्मदाह की चेतावनी दी थी। मामले में स्पष्ट कार्रवाई न करने पर चौतरफा आलोचना का शिकार हुई पुलिस ने अपना दामन बचाने के लिए पीड़ितों पर ही मुकदमा दर्ज कराया है।
मंगलवार शाम कोतवाल दिनेश सिंह की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने दो दिन बाद 10 पुरुष और 11 महिलाओं समेत अन्य लोगों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, बलवा करने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। कोतवाल दिनेश सिंह ने बताया कि पट्टे की भूमि जुतवाने के लिए कुछ लोग काफी समय से दबाव बना रहे थे, जबकि इसी मामले का एक वाद एसडीएम न्यायालय में विचाराधीन है।