लखीमपुर खीरी। बुखार पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ने से बच्चा वार्ड फुल हो गया है। अब बच्चों को बेंच पर लिटाकर इलाज किया जा रहा है। उधर, तेज बुखार से पीड़ित एक बच्चे की मौत हो गई। बुखार के मरीजों का आलम यह है कि 21 बेड के वार्ड में 25 बच्चों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है।
जिला अस्पताल का बच्चा वार्ड 21 और आईसीयू वार्ड दस बेड का है। बुखार पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ने से बच्चा वार्ड फुल है, जबकि आईसीयू वार्ड में छह बच्चों का इलाज चल रहा है। बच्चा वार्ड के बेड भर जाने से बच्चों को बेंच पर भर्ती करने की नौबत बन गई है। बता दें कि बुखार की चपेट में आकर गत 48 घंटे में 25 बच्चे जिला अस्पताल पहुंचे, जिससे वार्ड के सभी बेड फुल हो गए। ऐसे में कुछ बच्चों को बेंच पर भर्ती कर इलाज शुरू किया गया।
तेज बुखार पीड़ित एक बच्चे की मौत
ईसानगर निवासी तेज नरायन बुखार आने पर दस वर्षीय पुत्र लाल बहादुर को पहले सीएचसी लेकर गए, लेकिन फायदा न होने पर जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां पर इलाज के दौरान उसकी बृहस्पतिवार की दोपहर मौत हो गई, जबकि अन्य बच्चों का इलाज चल रहा है।
एक मलेरिया संक्रमित बच्चा डिस्चार्ज
बुखार आने पर चार वर्षीय प्रिया पुत्री बलवंत निवासी मरखापुर, दो वर्षीय अभिनव पुत्र पवन कुमार निवासी सुहेला मैगलगंज, सात वर्षीय मीनू पुत्र चन्नू लाल निवासी लहरपुर एवं आठ वर्षीय विवेक पुत्र सरवन निवासी मितौली को बुखार आने पर बच्चा वार्ड में भर्ती किया गया, जहां पर जांच के दौरान इनमें मलेरिया बुखार की पुष्टि हुई। बृहस्पतिवार को अभिनव के ठीक होने पर उसे डिस्चार्ज कर दिया गया।
ठीक होकर घर पहुंची स्क्रब टाइफस पीड़ित बच्ची
डंडूरी गांव निवासी मुन्ना बुखार से पीड़ित आठ साल की पुत्री सिजरा को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। हालत गंभीर होने पर सिजरा को बच्चा वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया। जांच के दौरान बच्ची में स्क्रब टाइफस संक्रमण की पुष्टि हुई। स्वस्थ होने पर बच्ची को घर भेज दिया गया है।
बच्चा वार्ड में बढ़ाए जाएंगे बेड
सीएमएस जिला अस्पताल डॉ. आईके राम चंदानी का कहना है कि बुखार के मरीजों की संख्या में इस समय काफी बढ़ोतरी हुई है। इसमें बच्चे भी शामिल हैं। बच्चा वार्ड में बेड यदि फुल हो गए हैं तो और डलवाए जाएंगे। जहां तक बेंच पर लेटाए जाने का प्रश्न है वह कुछ देर के लिए ही लेटा दिया गया होगा। फिर भी इसे दिखवाएंगे।