नाराज किसानों ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा
गोला गोकर्णनाथ। राष्ट्रीय किसान शक्ति संगठन ने बजाज चीनी मिल की संपत्ति नीलाम करवाकर गन्ना भुगतान कराने की मांग की है। इस संबंध में राज्यपाल को संबोधित एसडीएम को ज्ञापन भी सौंपा गया है।
जिलाध्यक्ष संतोष सिंह ने बताया कि आरसी जारी करने के लिए संगठन ने पिछले वर्ष गन्ना आयुक्त को ज्ञापन दिया था, जिस पर 37131.60 लाख रुपये का वसूली प्रमाण पत्र जारी हुआ। 31 दिसंबर 2022 को एसडीएम और तहसीलदार ने मिल की संपत्तियों की नीलामी की सूचना प्रकाशित कराई, जिसकी नियत तिथि 30 जनवरी प्रात: 11:00 बजे रखी गई थी। मिल और प्रशासन के अधिकारियों की मिलीभगत से नीलामी नहीं कराई गई। एसडीएम अनुराग सिंह का कहना है कि तहसीलदार के हाईकोर्ट चले जाने के कारण नीलामी टाली गई है। नीलामी एक माह बाद करवाई जाएगी।
वहीं, बजाज कंपनी के यूनिट हेड ने गन्ना आयुक्त को एक पत्र वसूली प्रमाण पत्र संशोधन के लिए दिया है, जिसमें लिखा गया है कि वह जारी वसूली प्रमाण पत्र में लिखित धनराशि में से 100 करोड़ से अधिक रुपये का भुगतान कर चुके हैं। इस पर विचार किया जाए।
किसानों ने पलिया मिल प्रबंधन से मांगा पूरा बकाया भुगतान
पलियाकलां। चीनी मिल के बाहर क्रमिक अनशन पर बैठे किसानों ने मिल प्रबंधन से अपना पूरा बकाया गन्ना भुगतान मांगा है। 18 जनवरी से मिल के सामने किसान बैठे हुए हैं। सोमवार को भी गुरप्रीत सिंह, हरदयाल सिंह, कुलजीत सिंह, सुखविंदर सिंह, वीरेंद्र सिंह, जसवीर सिंह, हरजोत सिंह, बलवीर सिंह, जसकरण सिंह, जसवंत सिंह आदि किसान क्रमिक अनशन पर बैठे।
किसानों का कहना था कि भुगतान न होने तक किसानों की संख्या बढ़ेगी और संपूर्ण भुगतान मिलने के बाद ही क्रमिक अनशन को खत्म किया जाएगा। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के तहसील अध्यक्ष जगपाल सिंह ढिल्लन ने बताया कि दो दिन से मिल ने भुगतान नहीं दिया है। सोमवार को कितना भुगतान दिया गया है, इसकी भी जानकारी नहीं दी जा रही है। संवाद
गोला मिल प्रबंधक ने भी नहीं निभाया वादा
बकाया गन्ना भुगतान के लिए एक माह से प्रदर्शन करते आ रहे हैं किसान
गोला गोकर्णनाथ। सहकारी गन्ना विकास समिति में राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के बैनर तले किसानों ने बकाया गन्ना भुगतान और गन्ना मूल्य निर्धारण की मांग को लेकर एक माह गुजार दिया है। बावजूद इसके बजाज चीनी मिल और सरकार ने अपना वादा नहीं निभाया।
संगठन के जिला अध्यक्ष अंजनी दीक्षित ने कहा कि गन्ना बकाया भुगतान कराने की जिम्मेदारी गन्ना आयुक्त की है, लेकिन दुर्भाग्य है कि उन्हें किसानों को समस्याएं नजर नहीं आतीं। सोमवार को दलबिंदर सिंह, अनिल कुमार अवस्थी, जागेश्वर प्रसाद वर्मा, धर्मेंद्र कुमार, राजेंद्र कुमार आदि क्रमिक अनशन पर रहे। संवाद