सीएम योगी, केंद्रीय मंत्री, कैबिनेट मंत्री समेत दिग्गजों ने किया था चुनाव प्रचार
2024 के लोक सभा चुनाव के लिटमस टेस्ट साबित होंगे परिणाम, दिग्गजों की बढ़ी धड़कनें
संवाद न्यूज एजेंसी
लखीमपुर खीरी। चार नगर पालिका और आठ नगर पंचायत समेत जिले के 12 नगर निकायों में शहर के सिंहासन पर कौन बैठेगा, दोपहर बाद तक आज इसकी तस्वीर साफ हो जाएगी। चुनाव परिणामों को लेकर जहां प्रत्याशियों की धड़कनें बढ़ी रहीं और शुक्रवार की रात भारी रही। आज का चुनाव परिणाम अगले साल 2024 में होने वाले चुनावों का रास्ता भी खोलेगा। ऐसे में जनता क्या निर्णय सुनाती है, इस पर सबकी नजर रहेगी।
पिछली बार 2017 के चुनाव में भाजपा को नगर पालिका में 50 फीसदी और नगर पंचायत में एक तिहाई सीटों पर सफलता मिली थी। चार नगर पालिका में भाजपा ने दो सीटों लखीमपुर व मोहम्मदी पर ही जीत दर्ज की थी, जबकि पलिया में सपा व गोला में निर्दलीय प्रत्याशी ने बाजी मारी थी। लखीमपुर में भाजपा की निरुपमा बाजपेयी, मोहम्मदी में संदीप मेहरोत्रा, पलिया में सपा के महमूद हुसैन और गोला में निर्दलीय प्रत्याशी मीनाक्षी अग्रवाल ने बाजी मारी थी।
उधर, छह नगर पंचायत में खीरी टाउन में भाजपा की सुधा निषाद, सिंगाही में भाजपा के उत्तम मिश्रा, धौरहरा में कांग्रेस की सना खान, ओयल में निर्दलीय प्रदीप गुप्ता, मैलानी में निर्दलीय सत्यवती, बरबर में नसरीन बानों ने जीत हासिल की थी। इस बार दो नवसृजित पंचायतों निघासन व भीरा के चलते यहां के चुनाव परिणाम इतिहास लिखेंगे और पहली बार जनता को शहर की सरकार मिलेगी।
त्रिकोणीय मुकाबले में भाजपा के दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर
पिछले दो कार्यकाल से भाजपा का था अध्यक्ष
केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र, भाजपा प्रदेश महामंत्री अनूप गुप्ता, कैबिनेट मंत्री जितिन प्रसाद नेे किया था चुनाव प्रचार
संवाद न्यूज एजेंसी
लखीमपुर खीरी। लखीमपुर नगर पालिका सीट पर अध्यक्ष पद के लिये कुल सात उम्मीदवार मैदान में थे लेकिन मुख्य मुकाबला भाजपा की पुष्पा सिंह, निर्दलीय डॉ. इरा श्रीवास्तव व सपा की रमामोहन बाजपेई के बीच रहा। हालाकि, जीत का दावा सभी कर रहे हैं।
चुनाव के दौरान भाजपा की बागी डॉ. इरा श्रीवास्तव के मैदान में आने से पार्टी में भीतरघात भी हुआ। सीएम योगी के दौरे के वक्त इस बात की शिकायत सीएम योगी तक भी पहुंची थी। भाजपा प्रत्याशी के समर्थन में लखीमपुर में सीएम योगी, यूपी सरकार में कैबिनेट मंत्री जितिन प्रसाद, केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी, भाजपा प्रदेश महामंत्री अनूप गुप्ता समेत जिला ईकाई के सुनील सिंह समेत तमाम दिग्गजों ने धुआंधार चुनाव प्रचार किया था।
पिछले दो कार्यकाल से भाजपा के पास शहर की सरकार रही है। ऐसे में दिग्गजों की प्रतिष्ठा बरकरार रहेगी या उनके ताज पर आंच आएगी, इसकी तस्वीर आज दोपहर बाद साफ हो जाएगी। हालांकि, चुनाव परिणाम में साइलेंट व मुस्लिम मतदाता की अहम भूमिका रहेगी।
पलिया: नगर पालिका पलिया से अध्यक्ष पद के लिए सात उम्मीदवारों ने ताल ठोंकी है। मुख्य मुकाबला भाजपा के केबी गुप्ता, सपा से महमूद हुसैन खां के बीच देखने को मिला। महमूद हुसैन पिछली बार वह सत्ता का स्वाद चख चुके हैं। जबकि, उनके परिवार में भी अध्यक्षी रही है। निर्दलीय आलोक मिश्रा भी लड़ाई में रहे। ऐसे में केबी गुप्ता को लड़ाने और प्रचार करने वाले रोमी साहनी तो दोबारा अपना सत्ता को काबिज करने में महमूद हुसैन की प्रतिष्ठा दांव पर है।
गोला: गोला नगर पालिका के अध्यक्ष पद के लिये सबसे ज्यादा 14 उम्मीदवार मैदान में हैं। मुख्य मुकाबला निर्दलीय मीनाक्षी अग्रवाल व भाजपा के विजय शु्क्ला रिंकू के बीच है। अमन गिरि जहां पहली बार विधायक बने हैं और उन्हें क्षेत्र में पार्टी की भूमिका को साबित करना पड़ रहा है। वहीं, भाजपा के विजय शुक्ला रिंकू को अपना राजनीतिक करियर बचाने की चुनौती है। पिछली बार वह नगर पालिका के चुनाव में हार का स्वाद चख चुके हैं। 25 वार्डों वाली गोला नगर पालिका में भी मुस्लिम मतदाता गुल खिलाएगा।
मोहम्मदी : मोहम्मदी। नगर पालिका मोहम्मदी से अध्यक्ष पद के लिये सात दावेदार मैदान में हैं। मुख्य मुकाबला भाजपा के संदीप मेहरोत्रा व सपा के कार्तिक तिवारी के बीच रहा। यहां भाजपा के संदीप मेहरोत्रा पिछली बार भी सत्ता में थे। इस बार उन्हें सपा के कार्तिक तिवारी से मजबूत टक्कर मिली। हालांकि, जीत हार की तस्वीर आज दोपहर बाद साफ हो जाएगी, लेकिन यहां भाजपा विधायक लोकेंद्र प्रताप सिंह की प्रतिष्ठा दांव पर है।