ज्योतिषाचार्य रामदेव मिश्र शास्त्री
गोला गोकर्णनाथ। अक्षय तृतीया को भगवान विष्णु के छठे अवतार परशुराम का जन्म हुआ था। इसी दिन गंगा नदी को स्वर्ग से धरती पर उतारा गया था। आज के दिन दान-पुण्य और पूजा-पाठ का फल अक्षय होता है। इस दिन सोना-चांदी खरीदना भी बहुत शुभ माना जाता है।
नगर के ज्योतिषाचार्य रामदेव मिश्रा शास्त्री ने बताया कि इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा की जाती है। गंगा स्नान का भी विशेष महत्व है। इस दिन दान-पुण्य करना चाहिए। सोने-चांदी की खरीदारी करनी चाहिए। अक्षय तृतीया के दिन पीपल और बरगद के पेड़ की पूजा भी की जाती है। अक्षय तृतीया पर गज केसरी योग, रवि योग समेत कई शुभ फलदायी योग बन रहे हैं, जिससे इस दिन का महत्व और भी बढ़ गया है।
यह है अक्षय तृतीया के शुभ मुहूर्त
प्रातः काल मुहूर्त : सुबह 5:43 बजे से 7:28 बजे तक
अभिजित मुहूर्त : दोपहर 12:13 बजे से 12:58 बजे तक
संध्या प्रदोष मुहूर्त : शाम 7:08 बजे से 8:43 बजे तक