पलिया कोतवाली में देर रात वार्ता करते अधिवक्ता।
पलियाकलां। तहसीलदार कार्यालय से बैनामा लेखक के तीन फाइल और नोट पत्र चोरी करने के मामले में पुलिस के रिपोर्ट न दर्ज करनेे पर अधिवक्ताओं ने सोमवार देर रात तक स्टेशन मार्ग पर प्रदर्शन किया। मंगलवार को अधिवक्ताओं ने तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार किया। पुलिस के मुकदमा दर्ज करने के बाद प्रदर्शनकारी वहां से हटे। प्रदर्शनकारियों ने तहसीलदार के तबादले के बाद ही आगे निर्णय लेने की बात कही।
अधिवक्ताओं ने सोमवार को एक बैनामा लेखक पर तहसीलदार के कार्यालय से फाइल चुराने का आरोप लगाकर तहसील में हंगामा किया। बाद में सभी अधिवक्ता कोतवाली पहुंचे और पुलिस को तहरीर देकर बताया कि एक बैनामा लेखक कार्यालय में घुस आया था। आरोपी तीन फाइल व दो नोट पत्र चुराकर ले जा रहा था। इसी दौरान कंप्यूटर की दुकान पर आदेश टाइप कराते समय अधिवक्ताओं ने उसे पकड़ लिया। मामले में तहसीलदार के पेशकार आलोक ने भी पुलिस को तहरीर दी। पुलिस के मुकदमा न लिखने पर आक्रोशित अधिवक्ताओं ने स्टेशन रोड पर तहसील के सामने मार्ग जाम कर धरना दिया। रात 12 बजे के बाद तक धरना चला।
मंगलवार को अधिवक्ता सभागार में बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बैठक कर तहसीलदार का स्थानांतरण नहीं होने तक तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार करने और हड़ताल जारी रखने का निर्णय लिया। बार एसोसिएशन के महामंत्री अरुण अवस्थी ने बताया कि मामले में तहसीलदार की भूमिका संदिग्ध है। जब तक दोषियों को जेल नहीं भेजा जाता तब तक बार एसोसिएशन के अधिवक्ता हड़ताल पर रहेंगे।
पलिया कोतवाली में देर रात वार्ता करते अधिवक्ता।