लखीमपुर खीरी। तार टूटने, ट्रांसफार्मर फुंकने और बिजली संबंधी अन्य दिक्कतों को दूर करने के लिए चल रही रीवैंप योजना का कार्य अभी 75 प्रतिशत अधूरा है। सिर्फ 25 फीसदी काम ही हो सका है। जबकि फॉल्ट और अन्य कारणों से हो रही बिजली कटौती-ट्रिपिंग उपभोक्ताओं को रुला रही है। जून-जुलाई में दिक्कतें और बढ़ेंगी।
रीवैंप योजना के तहत लखीमपुर सर्किल के मितौली, निघासन और लखीमपुर डिविजन में 106 करोड़ रुपये से कार्य होने हैं। जिम्मेदारी एनसीसी कंपनी को मिली है। लखीमपुर डिविजन में 75 प्रतिशत काम अधूरा है। ऐसे में कई मोहल्लों में पुराने, जर्जर तारों से काम चलाया जा रहा है। आए दिन फॉल्ट होने से लोगों को बिजली संकट झेलना पड़ रहा। रीवैंप योजना के तहत पुराने-जर्जर बिजली तार, पुराने खंभे और ट्रांसफार्मरों को बदला जाना है, लेकिन अधिकांश जगह कार्य अधूरे हैं। काम पूरा होने की अवधि 15 जून है।
पलिया में 50 प्रतिशत कार्य अधूरा
पलियाकलां। पलिया गोला सर्किल में है। पलिया विद्युत वितरण खंड की ओर से शहर के कई मोहल्लों में जर्जर व पुराने तारों को बदलने का कार्य किया जा रहा है। यहां 50 प्रतिशत कार्य अधूरा है। एक्सईएन निशांत ज्योति ने बताया कि पहले फेज में तारों को बदलने का कार्य किया जा रहा है। मेला मार्ग, रंगरेजान व बाजार मोहल्लों में तार बदले जा चुके हैं। दूसरे फेज में ट्रांसफार्मरों को बदलने का कार्य शुरू किया जाएगा। संवाद
मोहम्मदी क्षेत्र में तमाम कार्य अधूरे
मोहम्मी। मोहम्मदी गोला सर्किल में आता है। मोहम्मदी के राजापुर बैनी फीडर के रधोला भूडा पिपरी शेखापुर आदि गांवों के तार बदले गए। देवीस्थान मोहल्ले में केबिल बदलने का काम शुरू होने वाला है। आठ उपकेंद्र स्वीकृत हुए हैं। इनमें राजापुर बेनी चल रहा है। मझिगवां, गोकन, सुखवसा, बरबर टाउन काम कर रहे हैं। तीन उपकेंद्र उचौलिया, लखहा, बड़खर स्वीकृत हैं। इसमें 1553 छोटे ट्रांसफार्मर है। एसडीओ शुभम मौर्य ने बताया कि जर्जर तारों को बदला जा रहा है। संवाद
मितौली में तो शुरू ही नहीं हुआ काम
मितौली। लखीमपुर सर्किल के मितौली डिविजन में भी रीवैंप योजना के तहत कार्य होना है, लेकिन यह कार्य अब तक शुरू नहीं हुआ। विभागीय अफसरों के अनुसार कार्ययोजना तैयार की गई है। जल्द ही कार्य शुरू कर पुराने व जर्जर तार बदले जाने हैं। संवाद
बोले कंपनी के जिम्मेदार
रीवैंप योजना का कार्य कराने वाली एनसीसी कंपनी के डीपीएम प्रभाकरन ने बताया कि योजना से होने वाले कार्यों की जानकारी विभागीय अफसर देंगे। कंपनी के खीरी टाउन के हेड अरविंद वर्मा ने बताया कि काफी कार्य हो चुके हैं, लेकिन इसकी जानकारी विभागीय अफसर से ही मिलेगी।
रीवैंप योजना के तहत होने वाले कार्य की जानकारी नहीं है। कंपनी के अफसरों से कार्य की जानकारी लेकर बता पाऊंगा। योजना के तहत वैसे अधिकांश कार्य हो चुके हैं।
-शैलेंद्र कुमार, ईई लखीमपुर डिवीजन
लखीमपुर सर्किल में रीवैंप योजना का करीब 25 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। जल्द ही अन्य कार्य भी पूरा करा लिए जाएंगे। कार्य में तेजी लाने के लिए संबंधित कंपनी को निर्देश दिए जा चुके हैं।
-रामशब्द, अधीक्षण अभियंता, सर्किल लखीमपुर