मंसाछापर। विशुनपुरा ब्लॉक के बरवा पूर्दिल जड़हा गांव में बुधवार को कोटे की दुकान की चयन प्रक्रिया के दौरान गांव वालों ने हंगामा खड़ा कर दिया। गांव वालों ने मतदान कराकर कोटेदार का चयन कराने की मांग की। इससे अफरा-तफरी मच गई। मौजूद पुलिसकर्मियों ने लोगों को समझाकर शांत कराया। कोटे की दुकान का चयन नहीं हो सका।
बरवा पूर्दिल जड़हा गांव की कोटे की दुकान अनियमितता में निरस्त हो गई है। बुधवार को कोटेदार के चयन के लिए चुनाव अधिकारी एडीओ आईएसबी कृष्णमोहन दास, एडीओ पंचायत भगवंत कुशवाहा, सचिव विनोद यादव, लेखपाल पवन वर्मा व दरोगा आशुतोष जायसवाल गांव में पहुंचे। खुली बैठक के दौरान ग्राम प्रधान विनोद कुशवाहा भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने महिलाओं के समूह के माध्यम से कोटे की दुकान की चयन प्रक्रिया शुरू की तो गांव वाले भड़क गए। वे समूह के माध्यम से दुकान संचालन का विरोध करने लगे।
मामला बढ़ता देख अधिकारी अपना कागजात समेट लिए। पुलिस ने नाराज लोगों को शांत कराया। गांव वालों का कहना है कि कोटे की दुकान का चयन मतदान के माध्यम से किया जाए, ताकि पारदर्शिता रहे। अधिकारियों ने कहा की उच्चाधिकारियों के निर्देश व शासनादेश के अनुसार समूह के माध्यम से चुनाव कराया जाना है। लेकिन, गांव वालों ने उनकी एक नहीं सुनी। हंगामा के चलते कोटे की दुकान की चयन प्रक्रिया स्थगित कर दी गई और सभी कर्मचारी लौट गए। चुनाव अधिकारी एडीओ पंचायत भगवंत कुशवाहा ने बताया कि कुछ ग्रामीणों के हंगामा के चलते चयन प्रक्रिया टल गई। फिर से तिथि तय कर चुनाव कराया जाएगा।