पडरौना। शहर के सिंधुआ बाजार में आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के तीसरे दिन कथा वाचक ने श्रीकृष्ण जन्म की कथा सुनाई। इस दौरान आयोजकों की तरफ से भगवन श्रीकृष्ण जन्म की सुंदर झांकी प्रस्तुत की। कृष्ण जन्मोत्सव पर पूरा पंडाल नंद के घर आनंद भयो जय कन्हैया लाल की, हाथी घोड़ा पालकी जय कन्हैया लाल की भजन से गूंज उठा। कथा व्यास चंद्रभूषण पांडेय ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जन्म धर्म की स्थापना के लिए हुआ था। श्रीकृष्ण अवतार में भगवान ने जन्म के बाद से ही असुरों का अंत किया। उन्होंने भरत की कथा, भक्त प्रह्लाद की कथा, समुद्र मंथन की कथा सुनाई। कथा वाचक ने बालि का बावन भगवान को दान करने का वर्णन विस्तार से किया। इसके बाद उन्होंने परशुराम और भगवान राम के अवतरण की कथा भी सुनाई। इस दौरान संजय कुशवाहा, अध्याय कुशवाहा, उमेश कुशवाहा, सरवन कुशवाहा, सत्येंद्र कुशवाहा, गोपाल कुशवाहा, प्रमोद कुशवाहा, सोनू कुशवाहा, नंदू कुशवाहा, विनय कुशवाहा, लाल बहादुर कुशवाहा, कमलापति देवी, तारा देवी, अमोला देवी, पार्वती देवी, अनीता देवी, रीता देवी, केतली देवी, किताबी देबी आदि मौजूद रहीं। संवाद