कसया। बुद्धनगरी में बृहस्पतिवार को वियतनाम और श्रीलंका से पहुंचे बौद्ध श्रद्धालुओं ने महापरिनिर्वाण मंदिर में तथागत बुद्ध की लेटी प्रतिमा के समक्ष चीवर चढ़ाकर पूजा-अर्चना की। करीब 200 पर्यटकों के दल ने मंदिर परिसर में बैठकर बुद्ध वंदना की और विश्व शांति, मानव कल्याण एवं सुख-समृद्धि की कामना की। विदेशी पर्यटकों के पहुंचने से मंदिर परिसर में बौद्ध धर्म और आध्यात्मिक आस्था का वातावरण बना रहा। वियतनाम से करीब 50 श्रद्धालुओं का दल और श्रीलंका से लगभग 150 पर्यटकों का समूह सुबह 10 बजे कुशीनगर पहुंचा। महापरिनिर्वाण मंदिर में प्रवेश के बाद श्रद्धालुओं ने तथागत बुद्ध की प्रतिमा के समक्ष चीवर अर्पित किया। इसके बाद बौद्ध भिक्षुओं के मार्गदर्शन में विशेष पूजा-अर्चना और बुद्ध वंदना की। पर्यटकों ने मंदिर परिसर में कुछ समय ध्यान और प्रार्थना में बिताया। इस दौरान उन्होंने कुशीनगर में तथागत बुद्ध के महापरिनिर्वाण से जुड़े स्थलों के बारे में जानकारी हासिल की। मंदिर परिसर और आसपास मौजूद बौद्ध स्मारकों की ऐतिहासिकता तथा उनके धार्मिक महत्व के बारे में भी जानकारी ली। श्रीलंका और वियतनाम से आए श्रद्धालुओं ने कुशीनगर की धार्मिक एवं ऐतिहासिक विरासत को करीब से देखा। महापरिनिर्वाण मंदिर में पूजा के बाद पर्यटकों ने परिसर की परिक्रमा की और यहां की व्यवस्थाओं तथा बौद्ध संस्कृति से जुड़े स्थलों को देखा। श्रद्धालुओं ने कहा कि कुशीनगर आकर उन्हें आध्यात्मिक शांति का अनुभव हुआ।