सुकरौली। मऊ के रहने वाले वाटरपार्क कर्मी की मौत को पुलिस सड़क हादसा बता रही है। हत्या की आशंका जताने वाले परिजनों ने भी अबतक पुलिस को तहरीर नहीं दी है। घटना के बाद वाटरपार्क मैनेजर व अन्य वर्कर फरार हैं। वर्कर की मौत को लेकर लोगों में तरह-तरह की चर्चा है।
हाटा कोतवाली क्षेत्र के सुकरौली वाटरपार्क पर काम करने वाले मऊ जिले के 25 वर्षीय अभिषेक का शव शुक्रवार को जोल्हिनिया-खोट्ठा मार्ग पर नाले में मिला था। सिर पर चोट का निशान था। पुलिस ने युवक की जेब में मिले मोबाइल फोन की मदद से उसकी पहचान की थी। युवक के घर वाले पहुंचे और हाटा कोतवाली पुलिस से युवक की हत्या का आरोप लगाया। इसको लेकर पुलिस और परिजनों से तर्क भी हुआ। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर व पीठ पर चोट लगने के कारण मौत की पुष्टि हुई। इसके बाद परिजन शव लेकर चले गए और पुलिस को अब तक तहरीर नहीं दी है। इस घटना के बाद वाटरपार्क के मैनेजर और वर्कर शुक्रवार से ही फरार हैं।
वाटरपार्क से बृहस्पतिवार की शाम युवक गायब था, लेकिन इसकी जानकारी न तो परिजनों और न ही पुलिस को वाटरपार्क के मैनेजर ने दिया था। स्थानीय लोगों की माने तो मऊ जिले के अभिषेक के साथ कई और युवक रहते थे जो घटना के बाद से लापता हैं।
वाटरपार्क के मैनेजर बृजेश ने बताया कि कब कैसे घटना हुई इसकी जानकारी नहीं है। उस दिन वह वाटरपार्क पर मौजूद नहीं था। जरूरी काम स बाहर गया था। वर्करों ने फोन कर जानकारी दी। अभिषेक के घर वालों से अभी बात नहीं हुई है। सीओ कुंदन सिंह ने बताया कि घर वालों ने लिखित शिकायत नहीं की हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की अब तक की जांच में सड़क हादसे में युवक की मौत हुई है। अगर परिजन तहरीर देते हैं तो उसकी भी जांच कर ली जाएगी।