कलक्ट्रेट सभागार में हुई शासन के नवीन 37 बिंदुओं से संबंधित विकास कार्यो की समीक्षा
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। कलक्ट्रेट सभागार में बुधवार को समीक्षा बैठक हुई। इसमें सीडीओ ने मुख्यमंत्री के 37 महत्वपूर्ण प्राथमिकता विकास कार्यक्रमों की समीक्षा कर साप्ताहिक लक्ष्य बनाकर लंबित मामलों का निस्तारण के लिए निर्देश दिए। कार्य में लापरवाही मिलने पर जिला उद्यान अधिकारी और जिला पूर्ति अधिकारी को नोटिस दिया गया।
समीक्षा बैठक में लघु सिंचाई, विद्युत, लोक निर्माण कृषि, पशुपालन, स्वास्थ्य, जिला पंचायत राज विभाग, उद्योग, प्रोबेशन, आईसीडीएस, कौशल विकास, जल निगम, आवास योजना, खादी ग्रामोद्योग, श्रम विभाग आदि विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में सीडीओ ने जिला उद्यान अधिकारी और जिला पूर्ति अधिकारी के कार्यों में लापरवाही मिलने पर कारण बताओ नोटिस जारी करने के लिए जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी को निर्देश दिए। सबसे पहले विद्युत निगम के बकाया बिल के भुगतान, निवेश मित्र एवं झटपट पोर्टल पर लंबित आवेदनों का निस्तारण की समीक्षा की।
इसमें सीडीओ ने झटपट पोर्टल पर लंबित आवेदनों का यथाशीघ्र निस्तारण कर बकाया बिलों के भुगतान की प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा। लोक निर्माण विभाग ने नई सड़कों का निर्माण, चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण कार्यों की समीक्षा की गई।
सीडीओ ने अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड से नई सड़कों के संबंध में लक्ष्य एवं पूर्ण होने की अवधि जानी। उन्होंने सड़क सुरक्षा और सेतु निर्माण के संबंध में कराए गए कार्यों के लिए जरूरी निर्देश दिए। इसके बाद सीडीओ ने कृषि विभाग के प्रधानमंत्री कृषि सम्मान निधि योजना, सोलर फोटोवॉल्टिक सिंचाई पंप, फसल बीमा, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी से निराश्रित गोवंश संरक्षण, टीकाकरण, इयर टैगिंग की जानकारी ली गई।
स्वास्थ्य विभाग से आयुष्मान भारत गोल्डन कार्ड की स्थिति, परिवार नियोजन, राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम आदि की जानकारी लेकर सीएमओ को आयुष्मान कार्ड को बनाने में तेज़ी लाने, परिवार नियोजन आदि के बारे में लक्ष्य प्राप्त करने के लिए निर्देश दिए।
बैठक में डीपीआरओ आलोक प्रियदर्शी को अपूर्ण सामुदायिक शौचालयों को यथाशीघ्र पूर्ण करने, पंचायत भवनों को फंक्शनल करवाने आदि के निर्देश दिए। इस दौरान एडीएम वैभव मिश्र, परियोजना निदेशक जगदीश त्रिपाठी, डीसी मनरेगा राकेश कुमार जिला विकास अधिकारी कल्पना मिश्रा, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी श्रवण कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।