पडरौना/दुदही। विशनपुरा थाना क्षेत्र में शनिवार की रात को ही नीलगाय को शिकारियों ने निशाना बनाया। गांव वालों के शोर मचाने पर नीलगाय का शव छोड़कर मौके से भाग निकले हैं। पुलिस ने केस भी दर्ज कर लिया है। आरोपियों की पहचान नहीं हो पाई है। विशुनपुरा थाना क्षेत्र के मेला नरहवा के मोहन पट्टी में शनिवार को रात सरेह में कुछ अज्ञात लोग नीलगाय को जाल में फंसा लिया। वह उसे काटने जा रहे थे कि इस बीच शौच करने युवकों ने शोर मचाया तो नीलगाय काटने वाले मौके से भाग निकले। इस बीच गांव वालों की भीड़ जुट गई। सूचना पर वन विभाग की टीम भी पहुंच गई। विशुनपुरा पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे वन दरोगा रमेश गुप्ता ने पुलिस के सहयोग से नीलगाय का पोस्टमार्टम कराया। विशुनपुरा थानाध्यक्ष राजू सिंह का कहना है कि वन दरोगा की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात लोगों पर केस दर्ज कर लिया है और नीलगाय के शव को वन विभाग पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। जिले में नीलगायों की जान पर खतरा बढ़ रहा है। शिकारी छह माह में दस नीलगायों की जान ले चुके हैं। जिले में ऐसे शिकारियों का रैकेट सक्रिय है, पुलिस शिकंजा कसने में नाकाम है। इसका नतीजा है कि बेजुबान नीलगायों की जान जा रही है। करीब छह माह पूर्व रामकोला थाना क्षेत्र के चक चिंतामणि गांव में 17 और 18 अक्तूबर को दो नीलगाय संदिग्ध अवस्था में मरी मिलीं थीं। पशु चिकित्सक इशांत आनंद ने बताया था कि एक नीलगाय के पिछले जांघ के नीचे किसी नुकीली चीज से घायल बने और अधिक रक्तस्राव होने से मौत हुई थी। दूसरी नीलगाय की छर्रे लगने से मौत की पुष्टि हुई है। शिकारियों को पुलिस गिरफ्तार नहीं कर सकी है।
एएसपी रितेश कुमार सिंह ने बताया कि नीलगाय मारने के मामले में अज्ञात पर केस दर्ज है। इसकी पहचान की जा रही है। किसी कीमत पर आरोपी नहीं बख्शे जाएंगे।