लड़कियों को बेचने वाली तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र की एक महिला के घर सोनभद्र पुलिस ने चस्पा किया नोटिस
अभी एक जुलाई को हाटा की एक युवती को सामूहिक दुष्कर्म के बाद नेपाल में बेचने का मामला आया था सामने
संवाद न्यूज एजेंसी
कुशीनगर। शादी या अन्य बहानों से लड़कियों की खरीद-फरोख्त करने वालों की सक्रियता कुशीनगर जिले में भी है। मामला तब खुलता है, जब यह पुलिस तक पहुंच जाता है। अभी तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र की एक महिला के घर भी सोनभद्र पुलिस ने शुक्रवार को पहुंचकर कुर्की की नोटिस चस्पा किया था। उस पर लड़कियों को शादी के लिए बेचने का केस चल रहा है।
तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र के बरवा राजापाकड़ गांव के जमुआन टोला की निवासी पूजा यादव पर सोनभद्र जिले के ओबरा थाने में लड़कियों को बहलाकर भगाने और शादी के लिए बेचने का केस दर्ज है। इस मामले में पूजा वांछित है।
तुर्कपट्टी थाने के एसएसआई जीतबहादुर यादव ने बताया कि ओबरा की पुलिस न्यायालय के 82 के आदेश का पालन करने शुक्रवार को आई थी। उस महिला के घर की कुर्की की नोटिस का आदेश हुआ था, जिसे चस्पा कर ओबरा की पुलिस चली गई। बताया कि उस महिला का बहुत बड़ा रैकेट है। पूजा यादव तो उदाहरण है, लड़कियों को बेचने की कई अन्य ऐसी घटनाएं भी हो चुकी हैं, जिनमें यहां के लोगों का उसमें हाथ पाया गया है।
केस-एक
जुलाई के शुरुआती हफ्ते में हाटा नगर की रहने वाली एक युवती और उसके माता-पिता ने नगर के ही एक युवक पर उसे अगवा करने का आरोप लगाया था। यह भी आरोप था कि युवती के साथ चार युवकों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था और उसके बाद नेपाल में बेच दिया था। युवती के परिवारवालों ने युवक व उसके परिवार पर लड़कियों को फंसाकर उनका धर्म परिवर्तन कराने तथा नेपाल में बेचने का आरोप लगाया था। मामला बढ़ते देख पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
केस-2
24 अगस्त 2022 को लखनऊ जिले के बीबीडी थाना क्षेत्र में कार सवार अपरिचित व्यक्तियों के साथ जिले के हाटा कोतवाली क्षेत्र की एक युवती हिरासत में ली गई थी। युवती पगरा में अपने किसी परिचित के घर रह रही थी। कुछ लोग उसे कार में बैठाकर लखनऊ लेकर चले गए थे। वहां यातायात पुलिसकर्मियों को देखकर वह चिल्लाने लगी। वाहन रोककर पुलिसकर्मियों ने युवती से पूछताछ की तो पता चला कि जिस घर में वह काम करती थी, वहां के लोग बिचौलिए के जरिए उसे बेच दिए और जबरदस्ती कार में बैठा दिए। बीबीडी पुलिस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच में जुट गई थी। हाटा कोतवाली क्षेत्र के भिस्वां, बड़हरा, रामपुर पौटवां, पगरा आदि गांवों की लड़कियों को शादी के नाम पर बिचौलिए के हाथ बेचने के मामले पूर्व में सामने आ चुके हैं। भिस्वां की एक महिला को पुलिस ने तीन साल पहले इसी तरह के मामले में जेल भेजा था।
केस-तीन
08 जुलाई 2015 को कुशीनगर के हाटा परसौनी निवासी तीन महिलाओं सहित छह लोगों को पुलिस ने पकड़ा था। पकड़े गए लोगों ने एक किशोरी को बहला-फुसलाकर हरियाणा में बेच दिया था। इसके बदले में उनको 50 हजार रुपये में मिले थे। छह माह बाद किशोरी किसी तरह से भागकर घर पहुंची। तब शादी के नाम पर लड़कियों के बेचने का पर्दाफाश हुआ।
केस-चार
06 फरवरी 2016 को गोरखपुर के खोराबार एरिया के बुढ़िया माई मंदिर में हरियाणा के युवक की शादी कराई गई। कुशीनगर की युवती को झांसा देकर गैंग ने बेच दिया था। युवती के शोर मचाने पर मामले का पर्दाफाश हुआ था।
केस-पांच
आठ फरवरी 2018 को कुशीनगर के धनहा पखनवा गांव के रहने वाले मुन्नी चौहान की 24 वर्षीय बेटी रीना चौहान की शादी बिहार के मनोज चौहान से हुई थी। शादी के कुछ दिन बाद दोनों अलग हो गए। रीना ने पति पर भरण-पोषण का मुकदमा किया। वह कुशीनगर के सिसवां बाजार में उसके रिश्तेदार के यहां रहती थी। मुकदमे के सिलसिले में कचहरी आने-जाने के दौरान गीता, ममता और आशा नाम की तीन महिलाओं मजबूरी का फायदा उठाकर उसे जाल में फंसाया। उन्होंने रीना को हरियाणा के आदमपुर डांडी थाना क्षेत्र के नवीन कुमार जाट को बेच दिया था। नशा सुंघाकर ले जाते समय सोनबरसा के पास होश आने पर उसने शाेर मचाया तो भीड़ जुट गई। उसे ले जा रहे व्यक्ति तो पकड़ लिए गए, लेकिन तीनों महिलाएं फरार हो गई थीं।
ऐसे काम करता है गैंग
गैंग के लोग ऐसे गरीब परिवारों की पहचान करते हैं जहां पर बेटियों की संख्या अधिक हो। उनकी शादी की समस्या सामने आ रही हो।
गिरोह की महिलाएं ऐसे परिवार से नजदीकी बढ़ाती हैं। फिर उनको हरियाणा में अच्छे रिश्ते का झांसा दिया जाता है। यह भी बताती हैं कि खुद की बेटी की भी वहां शादी की है और वह खुशहाल है।
बात पक्की होने पर लड़कियों की तस्वीर भेजी जाती है। यदि हरियाणा से आने में कोई दिक्कत हुई तो लड़कियों को वहीं पहुंचा दिया जाता है।
कई बार तथाकथित रिश्तेदारों को हरियाणा से गोरखपुर बुलाया जाता है। उनके आने-जाने का प्लान पहले तय होता है। आनन-फानन में शादी कराकर तथाकथित दूल्हे, रिश्तेदारों के साथ भेज दिया जाता है।
पास पड़ोस के लोगों को शादी की भनक नहीं लगती है। बिना तैयारी के अचानक शादी करके सामान्य तरीके से दुल्हन की विदाई कराई जाती है।
पुराने मामलों की जांच में सामने आ चुका है कि गोरखपुर, कुशीनगर, महराजगंज सहित कई जिलों में शादी कराने वाला गैंग सक्रिय है।
जानकार बताते हैं कि इस गैंग के लोग शातिर होते हैं। पकड़े जाने पर बेची गई युवती को अपनी बेटी बना लेते हैं। ताकि पुलिस उन पर शक न जता सके।
मेरे कार्यकाल में अब तक लड़कियों की खरीद-फरोख्त का मामले नहीं आया है। एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग टीम को इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए सचेत किया गया है। ऐसी घटनाएं सामने आती हैं तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
-धवल जायसवाल, एसपी, कुशीनगर