देवरिया। जिले की पांचों तहसीलों में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इसमें 159 मामले आए। इसमें सदर तहसील में 52, सलेमपुर में 41, रुद्रपुर में 25, बरहज में 19, भाटपाररानी में 22 शिकायतें आई, जिसमें मात्र नौ मामलों का निस्तारण किया गया, जबकि शेष मामलों को संबंधित विभागों को सौंप दिया गया।
तहसील रुद्रपुर में जिलाधिकारी के नहीं पहुंचने पर सीडीओ प्रत्यूष कुमार पांडेय ने फरियाद सुनी। इस दौरान आए विभिन्न विभागों के कुल 25 मामलों में चार का तत्काल निस्तारण किया गया। सर्वाधिक राजस्व विभाग की शिकायत थी। नगर के मनमथ मणि त्रिपाठी, संजीव गुप्ता, आनंद सिंह, राजेश त्रिपाठी आदि ने दुग्धेश्वरनाथ इंटर कॉलेज में शिक्षण संस्थान की जमीन पर दुकान बनाए जाने की शिकायत की। इस पर सीडीओ ने एसडीएम को जांच कर कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
पूर्व सभासद सचितानंद शुक्ल ने शमशान घाट पर सुविधा के नाम पर अतिरिक्त शुल्क लिए जाने की शिकायत की। सीडीओ ने पूर्व में लंबित प्रकरणों की समीक्षा की। कहा कि त्वरित न्याय के लिए आयोजित समाधान दिवस पर फरियादियों की जिम्मेदारी से बात सुनी जाए। निस्तारण में कोरम पूरा करने पर कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान ज्वाइंट मजिस्ट्रेट श्रुति शर्मा, तहसीलदार चंद्रशेखर वर्मा, अनिल तिवारी, सीओ अंनुमन श्रीवास्तव, सीएमओ डॉ. राजेश झा, बीईओ राज किशोर सिंह, विनय शील मिश्र आदि मौजूद रहे। सदर तहसील परिसर में संपूर्ण समाधान दिवस पर एडीएम वित्त एवं राजस्व अरुण कुमार राय ने शिकायत सुनी। इसमें 52 मामलों में किसी का निस्तारण नहीं हो सका। इस दौरान एएसपी दीपेंद्र नाथ चौधरी, एसडीएम सदर विपिन द्विवेदी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
बरहज तहसील में एसडीएम अंगद यादव ने समस्या सुनी। आए कुल 19 मामलों में दो का निस्तारण किया गया। भाटपाररानी तहसील सभागार में एसडीएम रत्नेश तिवारी ने शिकायत सुनी। यहां 22 शिकायतें आई। मौके पर राजस्व के दो मामलों का निस्तारण किया गया। सलेमपुर तहसील सभागार में संपूर्ण समाधान दिवस मुख्य राजस्व अधिकारी जल राजन चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित हुई। कुल 41 लोगों ने शिकायत दर्ज कराई, जिसमें मात्र एक मामले का मौके पर निस्तारण किया गया।