हाटा। हाटा विधायक मोहन वर्मा ने यूपी प्रोजेक्ट कॉरपोरेशन में जेई की नियम विरूद्ध प्रतिनियुक्ति को समाप्त करने और जांच के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा है।
विधायक ने कहा कि सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के जिस अवर अभियंता की प्रोजेक्ट कॉरपोरेशन में जिस पद पर प्रति नियुक्ति हुई है, उसके लिए वह योग्यता ही नहीं रखते हैं। इसके वजह से उनके पर्यवेक्षण में हो रहे सिविल कार्यों की गुणवत्ता निम्न स्तर की पाई जा रही है। इससे सरकार की छवि धूमिल हो रही है।
विधायक ने पत्र में बताया है कि नीरज कुमार पांडेय की मूल नियुक्ति सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग में बतौर अवर अभियंता यांत्रिक के रूप में है। वर्ष 2021 में उनकी प्रतिनियुक्ति तीन वर्ष के लिए यूपी प्रोजेक्ट कॉरपोरेशन में हुई थी, लेकिन जिस पद पर नीरज कुमार पांडेय को पद स्थापित किया गया था, वह उस पद के लिए तकनीकी योग्यता नहीं रखते हैं। सिंचाई विभाग में वह यांत्रिक अवर अभियंता का कार्य देखते थे। जबकि यूपी प्रोजेक्ट कॉरपोरेशन में भवनों के निर्माण संबंधित सिविल कार्यों का पर्यवेक्षण कर रहे हैं। संवाद