कुशीनगर जिले के खड्डा में बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन को लेकर लोगों में उत्साह नजर आ रहा है। अफसरों के रवैये से मायूस लोगों को नगर के विकास की काफी उम्मीद है। लोगों का कहना है कि गोरखपुर की तरह कुशीनगर का भी विकास होना चाहिए।
नगर के भीतर बने बाईपास रोड की मरम्मत नहीं हो पा रही है। करीब तीन साल से टूटी सड़क पर रेलवे स्टेशन के सामने से होते हुए लोग अंबे चौक से जटहां रोड तक दुश्वारियां भरा सफर पूरा करते हैं। बरसात के बाद जाड़े का मौसम गुजर गया। अब गर्मी में भी इसकी मरम्मत नहीं हो सकी है। सुभाष चौक से लेकर राजदरबार तक सड़क की हालत ठीक नहीं है।
आवास विकास कॉलोनी, नौका टोला, बलुचहां रोड, ओंकारवाटिका कॉलोनी, अंबे चौक, कठकुइयां रोड सहित अन्य जगहों पर बरसात में जलभराव हो जाता है। इससे लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो जाता है। नगर के भीतर से पानी निकलने का इंतजाम नहीं होने से यह नौबत आती है।
नगर के भीतर बिजली के तारों का जाल फैला हुआ है। जर्जर तारों के बीच स्पार्किंग होने से अक्सर बिजली गुल हो जाती है। नगर के प्रमुख जगहों पर सुभाष चौक, कोतवाली रोड, तिलक चौक, बलुचहा, साहबगंज सहित अन्य मोहल्लों में बिजली के जर्जर तारों का जाल फैला हुआ है। इनसे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
नगर के भीतर आए दिन जाम लगता है। इससे लोगों को काफी परेशानी होती है। सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने के अलावा पार्किंग की व्यवस्था करने की जरूरत है। बिहार, खड्डा और रामकोला रोड पर लगने वाले जाम से निजात दिलाने के लिए नए सिरे से रिंग रोड बनाने की जरूरत है।
इन समस्याओं का भी हो समाधान
- रेलवे स्टेशन होकर दिल्ली सहित अन्य बड़ों शहरों के लिए ट्रेन की सुविधा दी जाए।
- बंद चीनी मिलों की जगह नए उद्योग लगाए जाएं।
- पडरौना डिपो से ग्रामीण क्षेत्रों के लिए सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
नगर के विकास के दावे तो बहुत किए जाते हैं, लेकिन कोई काम नहीं दिख रहा है। इसलिए मुख्यमंत्री से इस बात की उम्मीद है कि अच्छी सड़क मिल जाएगी।
-डॉ. अरुण कुमार गौतम
बिजली तारों की हालत देखिए। हवा चलने पर बिजली कटौती बढ़ जाएगी। जर्जर तारों का जाल फैला हुआ है। इससे आए दिन शाॅर्ट सर्किट होती रहती है।
-मनीष शुक्ला
नगर में जलभराव सहित अन्य समस्याएं प्रमुख हैं। मुख्यमंत्री जैसे गोरखपुर का विकास कर रहे हैं, उसी तरह से पडरौना, कुशीनगर का विकास कराएं।
-संजीव कुमार
हम लोग देख रहे हैं कि विकास की बात तो बहुत होती है, लेकिन दावों के उलट सबकुछ नजर आता है। इससे सरकार का नाम खराब होता है। नगर में सड़क, बिजली और पानी सहित अन्य बुनियादी सुविधाएं मिलनी चाहिए।
-गौरव गुप्ता