- शराब पीने का विरोध करने पर पत्नी को घर से निकालकर दरवाजे पर की पिटाई
- बचाव में पहुंचे गांववालों पर तान दिया असलहा, प्रधान ने पुलिस को दी सूचना
- शराब के नशे में पहुंचा था घर, भोजन बना रही पत्नी ने शराब पीने का किया विरोध
संवाद न्यूज एजेंसी
उजारनाथ/पटहेरवा। शराब पीने का विरोध करना पति को इतना नागवार लगा कि वह जान लेने पर आमदा हो गया। पत्नी को घर के अंदर से खींचकर दरवाजे पर लाया और कनपटी पर तमंचा सटाकर पिटाई करने लगा। मौके पर पहुंची पुलिस को देख शराबी पति बौखला गया और दरोगा को तमंचा लेकर दौड़ा लिया। गांववालों की मदद से पुलिस ने शराबी को हिरासत में लेकर केस दर्ज कर जेल भेज दिया।
पटहेरवा थाना क्षेत्र के करमैनी डीह गांव निवासी 43 वर्षीय कासिम बृहस्पतिवार की शाम करीब 7 बजे घर पहुंचा। वह शराब के नशे में था और बेवजह बोल रहा था। भोजन बना रही पत्नी ने शोर करने से मना किया। इससे नाराज कासिम पत्नी को दरवाजे पर खींच ले गया और पीटने लगा।
पत्नी ने बचाव के लिए बल का प्रयोग किया तो तमंचा निकालकर उसकी कनपटी पर लगा दिया। शोर सुनकर गांव वाले भी पहुंच गए। उसने तमंचा लहराते हुए गांववालों को खदेड़ दिया। हाथ में असलहा होने के कारण गांव वाले भी सहम गए।
गांव के प्रधान ने इसकी जानकारी हलका दरोगा दशरथ मांझी को दी। कुछ देर बाद दरोगा और दो सिपाही पहुंचे। दरोगा को देख कासिम और गुस्से में आ गया। वह पत्नी के बाल पकड़कर खींचने लगा। बचाव के लिए आगे बढ़े दरोगा को कासिम ने तमंचा लेकर दौड़ा लिया। जिससे वहां मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई।
हरकत में आई पुलिस ने आधे घंटे प्रयास के बाद गांववालों की मदद से कासिम को पकड़ा और तमंचा व एक कारतूस को कब्जे में ले लिया। इसके बाद गांव वालों ने राहत की सांस ली। शराब पीने के विरोध को लेकर अक्सर पति-पत्नी के बीच विवाद होता है। दस दिन पूर्व पत्नी ने पति की शिकायत पुलिस से की थी। इसके बावजूद पति अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा था।
पटहेरवा थाने के इंस्पेक्टर अनिल उपाध्याय ने बताया कि आरोपी कासिम को न्यायालय में पेश किया गया। वहां से न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। आरोपी ने शराब के नशे में ऐसा किया था।
जमीन बेचकर पी रहा शराब, जीना किया दुश्वार
कासिम की पत्नी सितारा ने बताया कि गांव में पुश्तैनी तीन बीघा जमीन है। उसे बेचकर कासिम शराब पी रहा है। वह शराब का आदी हो गया है। जमीन बेचने से मना करने और शराब पीने का विरोध करने पर वह घर में मारपीट करता है। कुछ दिन पूर्व घर में बच्चों की भी पिटाई की थी। इसकी शिकायत पुलिस से की गई थी। इसके बावजूद अपनी आदत में बदलाव नहीं ला रहा है।
जिस तरह से कनपटी पर तमंचा सटाकर पीट रहा था, उससे लगा कि आज जीवन का अंतिम दिन है। लेकिन गांव वालों और पुलिस के चलते जान बच गई। मेरी तीन बेटियां और एक बेटा है। चारो छोटे हैं।
कई दिनों से तमंचा लेकर घूम रहा था कासिम
गांव वालों ने बताया कि कासिम कई दिनों से तमंचा लेकर चल रहा था। सुबह से शाम तक नशे में होने के कारण कोई इससे नहीं बोलता है। घर में हर रोज पत्नी से मारपीट करता है। इससे परिवार तंग आ चुका है। पुलिस और गांव वालों पर जिस तरह तमंचा लेकर दौड़ाया, अगर फायर कर देता तो किसी की जान चली जाती। इसकी हरकतों से गांव वाले भी परेशान हो गए हैं।