नहीं रखा जा रहा मानक का ख्याल
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। ग्राम पंचायत सहजौली में मनरेगा योजना के तहत बौलिया टोले पर अमृत सरोवर के निर्माण में बड़े पैमाने पर अनियमितता बरती जा रही है। आरोप है कि इसके निर्माण कार्य में घटिया सामग्री का प्रयोग किया जा रहा है। इसमें सरोवर की दीवारों में ईंट और मोरंग बालू का प्रयोग नहीं किया रहा है। धूल भरी सफेद बालू का प्रयोग किया जा रहा है।
जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए सभी गांव के पोखरों को अमृत सरोवर योजना के तहत मनरेगा से सुंदरीकरण कार्य कराया जा रहा है। सुकरौली ब्लॉक के सहजौली गांव कै बौलिया टोला में भी पोखरे के सुंदरीकरण का कार्य चल रहा है। इसमें दोयम दर्जे की ईंट और मोरंग की जगह सफेद बालू का प्रयोग किया जा रहा है।
मनरेगा मेठ वंदना प्रजापति और कार्य करने वाले मजदूर मोहन, गोविंद, जिलेवा देवी, जनकराज, मानदेव, श्रीराम प्रजापति, श्रीराम गौड़, सुभावती देवी, लालमती मौर्या, इंदू देवी, रमावती, चंद्रावती आदि ने बताया कि पोखरा सुंदरीकरण में अभी तक मोरंग बालू का प्रयोग नहीं किया गया है।
इस संबंध में ग्राम पंचायत सचिव ने बताया कि फाइल देखकर ही लागत की जानकारी दी जा सकती है। निर्माण कार्य में हुई कमियों का सुधार करवा दिया जाएगा।
सुकरौली ब्लॉक के एपीओ मनरेगा संदीप पटेल ने बताया कि इस परियोजना में लागत या अन्य कोई जानकारी सचिव ही बता सकते हैं। निर्माण कार्य की जांच कर ली जाएगी।