कसया। क्षेत्र के शिवपुर में बुजुर्ग में रुद्र महायज्ञ के सातवें दिन कथा वाचक शशिकांत ने भगवान राम व केवट की कथा सुनाई। कहा कि जब भगवान केवट के यहां पहुंचे और भगवान ने नाव मांगा तो केवट ने भगवान को बहुत रिझाया, केवट की झूठी बहाने को सुनकर के भगवान प्रसन्न होते रहे, जैसे छोटे बच्चों के नटखट लीला को देखकर के माता-पिता प्रसन्न होते हैं। ऐसे ही भगवान भी केवट के उसके अटपटी वाणी को सुनकर के मंद मंद मुस्कुराते रहे यही तो भक्ति की शक्ति है इसके बस में भगवान भी हो जाते हैं। केवट ने अपना भी कल्याण किया अपने परिवार का भी कल्याण किया एवं भगवान के चरणों से जुड़कर के अपने पूरे कुल खानदान को उसने धन्य कर दिया। जिस कुल में भगवान का भक्त जन्म ले लेता है, उस कुल का निश्चित ही कल्याण हो जाता है। केवट ने प्रभु से निवेदन किया कि प्रभु आप चरण धुला दीजिए। इसके बदले हम आपको गंगा पार कर देंगे। धन्य धन्य है वह केवट जिसने भगवान को भी अपना ऋणी बना लिया। इस दौरान ओम प्रकाश सिंह, आकाश जायसवाल, ध्रुव कुशवाहा, मनीष जायसवाल, सतीश गुप्ता, विजय जायसवाल, सुरेश जायसवाल, सौरभ जायसवाल, मनोज मद्धेशिया, दयाशंकर सिंह, वाल्मिकी जायसवाल आदि मौजूद रहे।