लापरवाह व्यक्ति के खिलाफ दर्ज होगी एफआईआर
गो संरक्षण केंद्र कोपजंगल की डीएम ने की थी जांच, मिली थीं खामियां
खड्डा। वृहद गो संरक्षण केंद्र कोपजंगल के निरीक्षण में मिली गड़बड़ी और पशुओं को क्रूरतापूर्वक दफनाने के मामले में कार्रवाई होगी। इस मामले में डीएम रमेश रंजन के कड़े रुख के बाद एसडीएम खड्डा ने सीवीओ को पत्र भेजकर गो सरंक्षण केंद्र की जिम्मेदारी निभा रही फर्म ध्यान फाउंडेशन के संबंधित व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने को कहा है। हालांकि इसमें पशुपालन विभाग के अधिकारियों की कोई भूमिका तय नहीं की गई है।
कोपजंगल स्थित वृहद गो संरक्षण केंद्र में पशुओं की मौत के बाद उनके शव को क्रूरतापूर्वक दफनाया जा रहा है। उनका पोस्टमार्टम भी नहीं कराया जाता है। पशुओं की देखभाल में लापरवाही होने की शिकायत डीएम तक पहुंची थी। इस पर डीएम रमेश रंजन ने 18 नवंबर को वृहद गो संरक्षण केंद्र कोपजंगल का निरीक्षण किया।
डीएम के निरीक्षण में तमाम खामियां मिलीं, जिनको देखते हुए उन्होंने पशुओं संग क्रूरता करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने को कहा। डीएम के आदेश पर उपजिलाधिकारी भावना सिंह ने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को 19 नवंबर को पत्र भेजा है। उन्होंने बिना पोस्टमार्टम के जानवरों को दफनाने सहित अन्य कमियों का जिक्र करते हुए ध्यान फाउंडेशन के संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई के लिए निर्देश दिया है।
इसके पूर्व 22 जुलाई 2022 को भी एसडीएम ने जब गो संरक्षण केंद्र का निरीक्षण किया था तो उनको कमियां मिली थीं। इलाज के अभाव में दो पशुओं के मौत की बात सामने आने पर एसडीएम ने कार्यदायी संस्था और पशुपालन विभाग को जिम्मेदार ठहराया। हालांकि इस प्रकरण में तब कोई कार्रवाई नहीं हो सकी थी। पूरे मामले में पशुपालन विभाग की कोई भूमिका तय नहीं हुई।
इस संबंध में एसडीएम भावना सिंह का कहना है कि निरीक्षण में खामी मिलने डीएम ने कार्रवाई का आदेश दिया था। आदेश के अनुपालन में कार्रवाई के लिए पत्र सीवीओ को भेजा गया है। ध्यान फाउंडेशन के जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने को कहा गया है। मुकदमे की विवेचना के दौरान सभी तथ्य सामने आ जाएंगे।