तमकुहीरोड। क्षेत्र के राजपुर खास व जोगनी समेत नरवाजोत तटबंध वाले कई गांवों में चार दिन बाद भी बिजली आपूर्ति व्यवस्था पटरी पर नहीं लौटी है। अब भी जगह-जगह बिजली के खंभे व तार टूटे पड़े हैं। इससे लोगों को बिजली के साथ पानी के संकट से भी जूझना पड़ रहा है। भीषण गर्मी में बिजली कटौती के कारण गांव वालों की परेशानियां बढ़ गई है।
सेवरही क्षेत्र में बीते बुधवार की रात चक्रवाती तूफान के कारण सैकड़ों लोगों की झोपड़ियां गिर गईं थी तो कई जगहों पर बड़े-बड़े पेड़ उखड़कर गिर गए थे। इस तूफान का सबसे अधिक असर बिजली आपूर्ति व्यवस्था पर रहा। इसके चलते तमकुहीरोड, तिवारी पट्टी, पकड़ीयार पूरबपट्टी, पिपराघाट, जोगनी, राजपुर खास समेत नरवाजोत तटबंध क्षेत्र के कई गांवों की बिजली गुल हो गई थी। जगह-जगह ट्रांसफार्मर के साथ बिजली के खंभे और बड़े-बड़े पेड़ तारों पर गिर गए थे। तीन दिन का समय बीत जाने के बाद भी अब तक इन गांवों में बिजली आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी है। बिजली विभाग के अधिकारी व कर्मचारी लगातार सभी क्षेत्र में आपूर्ति बहाल किये जाने को लेकर कोशिश कर रहे हैं, लेकिन अब तक विभागीय जिम्मेदारों को कोई सफलता हाथ नहीं लगी है। बिजली न होने के कारण लोगों को पानी के संकट से भी जूझना पड़ रहा है। क्षेत्र के बुटाई निषाद, विनोद यादव, ध्रुव निषाद, राजकिशोर निरंकारी, पारस निषाद, जेपी यादव, दीनानाथ निषाद, सरल शर्मा, भिखारी निषाद आदि लोगों ने भीषण गर्मी को देखते हुए बिजली आपूर्ति शीघ्र बहाल कराए जाने की मांग की है। इस संबंध में बिजली विभाग के एसडीओ केएम शुक्ल ने बताया कि तूफान से सर्वाधिक नुकसान बिजली के खंभों व तारों को हुआ है। विभाग के सभी लोग लगे हुए हैं और अधिकांश गांवों की बिजली बहाल भी की जा चुकी है। शेष गांवों में भी बिजली बहाल कराने की कोशिश की जा रही है।