बाल-बाल बचे राहगीर, बिजली कटवाकर ठीक कराया गया
संवाद न्यूज एजेंसी
मंसाछापर। बिजली निगम की लापरवाही से कभी भी बड़ी अनहोनी हो सकती है। विशुनपुरा ब्लॉक मुख्यालय के गांव मंसाछापर में बिजली का जर्जर तार हर दिन टूटकर गिरता रहता है। शनिवार की देर शाम गांव में बिजली का तार टूटकर गिर गया। गनीमत रही कि कोई राहगीर उसकी चपेट में नहीं आया। बाद में बिजली कटवाकर उसे ठीक करवाया गया। गांव के लोग कई बार जर्जर तार बदलवाने के लिए बिजली निगम और जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई।
मंसाछापर गांव में बिजली के तार जर्जर हो चुके हैं। बिजली ओवरलोड होने पर तार कंपन करने लगता है। सबसे अधिक समस्या मुख्य बाजार की है। कई बार जर्जर तार टूटकर गिर चुके हैं। शनिवार की शाम करीब सात बजे गांव के रास्ते पर जर्जर बिजली का तार टूटकर गिर गया। गनीमत रही कि उसकी चपेट में काेई यात्री नहीं आया।
गांव के लोगों ने बिजली निगम को सूचना देकर बिजली कटवाई। इसके कुछ देर बाद पहुंचे बिजली कर्मियों ने टूटे तार को जोड़कर बिजली आपूर्ति बहाल कराई। लोगों का कहना था कि जिस समय बिजली का तार टूटकर गिरा, वहां दो बच्चे खेल रहे थे। इस रास्ते गांव के लोग भी आ-जा रहे थे। यदि इसकी चपेट में काेई आ गया होता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
गांव के रितेश गुप्त, पिंटू सिंह, राजू वर्मा, समाचार पत्र विक्रेता रमन शर्मा आदि ने कहा कि जर्जर तार बदलवाने के लिए कई बार बिजली निगम के अधिकारी और जनप्रतिनिधियों से मांग की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। रितेश गुप्त ने कहा कि सदर विधायक मनीष जायसवाल को भी इस समस्या से अवगत कराया गया है। उन्होंने जर्जर तारों को बदलवाने के लिए आश्वासन भी दिया है, लेकिन अब तक कोई पहल नहीं हुई।
कोट
मंसाछापर गांव में जर्जर बिजली के तार बदलवाने के लिए सर्वे हो चुका है। शीघ्र कंपनी वालों से बात कर कार्य शुरू करवाने के लिए पत्र लिखूंगा।
- दीपक कुमार, अवर अभियंता, विद्युत निगम