सुकरौली। क्षेत्र के कोहरौली गांव में चल रहे श्रीमदभागवत कथा के चौथे दिन कथा वाचक आचार्य पंडित रंजीत मिश्र ने वामन अवतार कथा की सुनाई। उन्होंने कहा कि व्यक्ति का अहंकार धीरे-धीरे जीवन को क्षीण कर देता है। कथावाचक ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा सुनने से मनुष्य के कई जन्मों के पापों का क्षय होता है। उन्होंने कहा कि वामन अवतार के रूप में भगवान विष्णु ने राजा बलि को यह शिक्षा दी कि दंभ और अंहकार से जीवन में कुछ भी हासिल नहीं होता। अहंकार, गर्व और घृणा से मुक्त होने पर ही मनुष्य को ईश्वर की कृपा प्राप्त होती है। इस दौरान बृजेश शुक्ल, जगत नारायण शुक्ल, सर्वेश शुक्ल, राकेश, निहाल आदि मौजूद रहे।