खड्डा। लोगों को पेयजल उपलब्ध कराने के लिए करीब 12 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। शासन की तरफ से स्वीकृत तीन परियोजनाओं में दो का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद कस्बा के लोगों को पेयजल की समस्या से निजात मिल जाएगी।
नगर पंचायत खड्डा में पेयजल के लिए बने ओवरहेड टैंक की बोरिंग बैठ जाने की वजह से करीब 30 हजार लोगों को पेयजल की समस्या से परेशान होना पड़ रहा है। हालत यह है कि कस्बा में बिछाए गए पेजयल पाइप ध्वस्त होने के चलते करीब एक दशक से पानी की आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ी है। समस्या के समाधान के लिए विधायक विवेकानंद पांडेय की पहल पर नगर पंचायत की तरफ से पेयजल के लिए नए सिरे से दो जगह ओवरहेड टैंक व बोरिंग लगाने और पुराने टैंक की मरम्मत आदि का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था।
शासन की तरफ से इसकी स्वीकृति मिलने के बाद कस्बा के दो मोहल्लो में कार्य शुरू कर दिया गया है। नगर पंचायत की बड़ी आबादी रेलवे लाइन की बाईं तरफ बसी है। चीनी मिल की वजह से वहां प्रदूषित पानी निकलता है। इससे निजात पाने के लिए वार्ड संख्या तीन में करीब 450 फिट नीचे तक बोरिंग कर पानी निकालने और सप्लाई देने की योजना पर कार्य चल रहा है। इसके साथ ही पुराने बोरिंग की मरम्मत कर उसे शुरू करने का भी प्रयास हो रहा है।
इसके अलावा शिवाजी नगर में लगने वाले ओवरहेड टैंक का निर्माण कार्य भी शीघ्र शुरू होना है। इन परियोजनाओं के निर्माण के बाद लोगों को निशुल्क कनेक्शन देकर कस्बा के हर घर तक शुद्ध पानी पहुंचाया जाएगा। नगर पंचायत अध्यक्ष संगीता वर्मा ने बताया कि कस्बा के लोगों को शुद्ध पेयजल मिले, इसके लिए तेजी से कार्य चल रहा है। रेलवे लाइन के बाईं तरफ के क्षेत्र में पानी का स्तर काफी खराब है। वहां के लोगों को शुद्ध पेजयल उपलब्ध कराने के लिए बोरिंग का कार्य चल रहा है। पुराने व नए सभी पेयजल के संसाधन को सही करके शीघ्र ही जनता तक पानी पहुंचाने के लक्ष्य को पूरा कर लिया जाएगा।