कुशीनगर को स्वदेश दर्शन 2.0 में शामिल करने की मांग
- सांसद विजय दुबे ने नियम 377 के तहत संसद में उठाया मामला
- कुशीनगर में पर्यटन विकास के साथ-साथ रोजगार के अवसर होंगे सृजित
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। कुशीनगर जनपद को स्वदेश दर्शन 2.0 में शामिल करने की मांग संसद तक पहुंच गई है। सांसद विजय कुमार दुबे ने सोमवार को सदन में नियम 377 के तहत यह मामला उठाया और इस जनपद को स्वदेश दर्शन योजना 2.0 में सम्मिलित करने की मांग की।
सांसद ने बताया कि सदन के अध्यक्ष को बताया कि कुशीनगर लोकसभा क्षेत्र बौद्ध सर्किट एरिया है। महात्मा बुद्ध की महापरिनिर्वाण स्थलीहोने के कारण प्रतिवर्ष दर्जनों देशों के लाखों की संख्या में बौद्ध तीर्थयात्री यहां दर्शन के लिए आते हैं।
कुशीनगर के बौद्ध सर्किट एरिया को दुनिया के बौद्धिष्ट देशों से जोड़ने के लिए और यहां के पर्यटनस्थलों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विकसित करने के लिए ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कुशीनगर में इंटरनेशनल एयरपोर्ट का निर्माण कराए हैं। बौद्ध सर्किट एरिया से लगी आज भी पर्यटन विकास के लिए 195 एकड़ भूमि खाली पड़ी है।
इस पर बहुत सी परियोजनाएं केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय में लंबित हैं। पर्यटन मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से स्वदेश दर्शन योजना की गाइडलाइन को रीवाइज करते हुए स्वदेश दर्शन योजना 2.0 के लिए नई गाइडलाइन जारी की गई है।
उन्होंने अध्यक्ष के माध्यम से पर्यटन मंत्री से आग्रह किया कि कुशीनगर लोकसभा क्षेत्र को स्वदेश दर्शन स्कीम 2.0 में सम्मलित करें। इससे स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे और पर्यटन के क्षेत्र में कुशीनगर को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विकास हो सकेगा।