सऊदी अरब में ड्राइवर की नौकरी करने गए युवक को वहां बकरी चरानी पड़ रही है। युवक को वहां तीन दिन में एक बार भोजन-पानी मिल रहा है। जैसे-तैसे घर वालों को उसकी खबर मिली तो दंग रह गए। युवक के मां-बाप ने डीएम, सांसद और मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर उसे घर वापस बुलाने में मद्द मांगी है।
खड्डा थाना क्षेत्र के पकड़ी बृजलाल गांव निवासी इल्ताफ हुसैन का बेटा अशरफ (24) चार पहिया गाड़ी चलाता था। विदेश जाने के लिए उसे गोरखपुर की एक एजेंसी ने ऑफर दिया। जरूरी औपचारिकता पूरा करने के बाद एजेंट ने अशरफ से एक लाख रुपया लेकर सऊदी अरब में ड्राइवर का वीजा दिया। इस वीजे पर बीती पांच मई को अशरफ सऊदी अरब चला गया।
वहां पहुंचने पर अशरफ को रियाद शहर से 11 सौ किलोमीटर दूर अल कसीर शहर के पास जुबैर नामक जगह पर सात सौ बकरियों को चराने के कार्य में लगा दिया गया। घर वालों के अनुसार वहां मालिक ने अशरफ से मोबाइल भी छीन लिया। किसी तरफ से अशरफ ने दूसरे व्यक्ति के मोबाइल से अपने घर संपर्क कर वहां के हालात की जानकारी दी।
घरवालों के अनुसार वहां अशरफ को तीन दिन में एक बार भोजन-पानी दिया जा रहा है। घर वापसी की बात कहने पर उसे मारा पीटा जा रहा है। बेटे अशरफ की हालत जानकर परेशान पिता इल्ताफ हुसैन समेत घर के लोग सकते में आ गए। इल्ताफ ने पूरे मामले की जानकारी कुशीनगर के सांसद राजेश पांडेय को दी। साथ ही डीएम, मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री को भी पत्र भेजकर बेटे को वापस बुलाने में मद्द की मांग की है।