कुशीनगर। फाजिलनगर क्षेत्र के मधुरिया गांव की एक महिला को ग्राम पंचायत अधिकारी ने अभिलेख में ‘मुर्दा’ दर्शा दिया है। जबकि महिला वास्तव में महिला जीवित है। मधुरिया गांव के निवासी स्व. सोबरन की बेटी किशोरिया देवी का विवाह जोकवा बुजुर्ग गांव के निवासी मोतीचंद गोंड से हुई थी।
मोतीचंद का भी निधन हो चुका है। किशोरिया देवी अपने माता-पिता की इकलौती संतान हैं। इनके पिता की मृत्यु के बाद इनकी मां बची थीं, जो मधुरिया की जमीन की वरासत किशोरिया देवी के नाम कर दी थीं।
किशोरिया देवी का आरोप है कि उनके पट्टीदारों ने ग्राम पंचायत अधिकारी से मिलकर परिवार रजिस्टर में उन्हें मृत दर्शा दिया है। जबकि उसी ग्राम पंचायत अधिकारी के पास जोकवा बुजुर्ग गांव का चार्ज भी है।
जोकवा गांव के परिवार रजिस्टर में किशोरिया जीवित दर्ज हैं। किशोरिया देवी ने जब यह बात मंगलवार को तहसील दिवस में एसडीएम कसया श्रीप्रकाश शुक्ल को बताई तो वह भौचक्के रह गए।
उन्हाेंने तत्काल बीडीओ फ ाजिलनगर प्रभाशंकर चौबे को निर्देश दिया कि जांच कर ग्राम पंचायत अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई करें। इस संबंध में बीडीओ का कहना है कि मामले की जानकारी है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।