पडरौना। बुधवार को विभिन्न कारणों से लगी आग ने काफी तबाही मचाई। आग की लपटाें में जहां 21 लोगों के घर जल गए, वहीं 37 किसानों की फसलें जलकर राख हो गईं। आग बुझाने की कोशिश में कुछ लोग झुलस गए, लेकिन घरों में जलते अपने सामान नहीं बचा सके।
घटना के बाद इन गांवों में चीख-पुकार मची रही। पिपरा बाजार प्रतिनिधि के अनुसार बुधवार की दोपहर लगभग दो बजे नेबुआ नौरंगिया थानांतर्गत खजुरिया गांव में अज्ञात कारण से लगी आग में 12 घर जल गए। खजुरिया गांव के टोला नंबर एक निवासी वशिष्ठ चौहान के घर से बुधवार की दोपहर अचानक आग की लपटें उठने लगीं।
आसपास के रहने वाले लोगों ने आग देखकर शोर मचाया तो काफी लोग इकठ्ठा हो गए और उसे बुझाने की कोशिश करने लगे। कड़ी धूप और तेज हवा के कारण थोड़ी देर में ही आग ने रामधारी, संत, जय, बबलू, छोटेलाल, दीपलाल, बिकाऊ, नारायण, विनोद, सीताराम आदि के घरों को अपनी चपेट में ले लिया। आग की वजह से लोगों के घरों में रखा अनाज, कपड़े, बिस्तर, फर्नीचर आदि नष्ट हो गए।
आग बुझाने के दौरान संजीत राय और नरसिंह चौहान झुलस गए। गांव के लोगों ने हवा और आग का रूप देख अपने घरों से सामान निकालकर घरों से बाहर फेंक दिया था। तपिश इतनी अधिक थी कि आग पर काबू पाने के लिए लोग धू धूकर जलते घरों के नजदीक नहीं पहुंच पा रहे थे। गांव के हैंडपंप और नालियों के पानी से किसी तरह आग बुझाई गई। लोगों ने फ ायर ब्रिगेड को फ ोन से सूचना दी थी लेकिन आग बुझाने तक कोई पहुंचा नहीं था। विशुनपुरा के कानूनगो और गांव के लेखपाल आग से हुई क्षति का आंकलन करने पहुंचे थे।
कुबेरस्थान प्रतिनिधि के अनुसार थाना क्षेत्र के दमवतिया गांव में बुधवार की दोपहर घूरे से लगी भीषण आग में नौ लोगों के घर और उसमें रखे गृहस्थी के सामान जल गए। गांववालों के मुताबिक गांव के किनारे किसी ने घूरा रखा था, जिसमें दबी चिनगारी तेज हवा के कारण श्रीकिशुन के घर पर गिरी और देखते ही देखते उनके घर में आग लग गई।
अपनी आंखों के सामने घर जलता देख श्रीकिशुन बदहवाश होकर शोर मचाने लगे। लोग अभी आग बुझाने पहुंचे भी नहीं थे कि शीतल, लखन, कैलाश, दशरथ, नत्थू, हरिंद्र, नगीना और ओमप्रकाश सहित नौ लोगों के घर जल गए।
चिलचिलाती धूप और तेज हवा के आगे गांववालों की एक नहीं चल रही थी। काफी मशक्कत के बाद आग बुझाई गई। इनके घरों में रखे सभी सामान जल गए। इनमें श्रीकिशुन की लड़की की शादी तय थी, जिसके लिए घरवालों ने सामान खरीद रखा था। वे सामान भी जल गए।
आग लगने से दमवतिया के किसान हरिबंश, अरविंद, जवाहिर और शीतल के खेत में खड़ी गेहूं की फसल भी जल गई। ग्राम प्रधान मारकंडेय तिवारी ने अगिभनपीड़ितों के लिए भोजन का प्रबंध किया। खड्डा प्रतिनिधि के अनुसार खेत से निकाले गए कूड़ा-करकट को जलाते समय बुधवार को खड्डा थानाक्षेत्र के विशुनपुरा गांव में आग लग गई।
इससे रक्षा, शंकर, बांके, बल्ली, लल्लन, फू लबदन, जयराम, महादेव, सत्यनारायण, श्यामसुंदर, मुबारक, गामा, मूसई, लक्ष्मण, लक्षन, लालबाबू, इंदर, रामजीत, रामकेश सहित 29 किसानों की गेहूं की खड़ी फ सल जल गई।
गांववालों और अगिभनशमन दस्ते की कड़ी मशक्कत के बाद आग बुझाई जा सकी। दुदही प्रतिनिधि के अनुसार विशुनपुरा थाना क्षेत्र के ठाड़ीभार में बुधवार को 11 हजार वोल्ट की विद्युत लाइन में स्पार्किंग के कारण आग लगने से सुधाकर, बंसराज, मुन्ना और सुनील के गेहूं के खेत जल गए।