कसया (कुशीनगर)। शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की सुबह की पाली में कसया क्षेत्र के परीक्षा केंद्र में एक सॉल्वर बीएसए की गाड़ी से पहुंचा और एक परीक्षार्थी की कॉपी में लिखने लगा। यह देख कक्ष निरीक्षक ने उसे टोका तो विवाद हो गया। उसे पकड़ा गया, लेकिन वह मौका देखकर भाग निकला। इसके बाद डेढ़ घंटे तक बीएसए और उनके कर्मचारी को पुलिस अभिरक्षा में बैठाया गया। डीएम ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कसया के ज्वाइंट मजिस्ट्रेट को जांच सौंपी है।
टीईटी के लिए जनपद में 20 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें से कसया-सपहां मार्ग पर स्थित धर्मोदय विद्या विहार हाईस्कूल भी परीक्षा केंद्र था। केंद्र प्रभारी फादर सीजो ने बताया कि विद्यालय में बीएसए की गाड़ी जैसे ही पहुंची, उसमें से एक लड़का निकला और रूम नंबर-9 में घुसकर एक महिला परीक्षार्थी की उत्तर पुस्तिका पर लिखने लगा। इसका विरोध कक्ष निरीक्षकों ने किया तो वह विवाद करने लगा।
उसे पकड़कर बाहर लाया गया, लेकिन वह भाग निकला। पूछताछ में मालूम हुआ कि वह अनुक्रमांक 5511909234 की उत्तर पुस्तिका में लिख रहा था। उन्होंने इसकी सूचना तुरंत डीएम, डीआईओएस और डायल 100 पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने वहां मौजूद बीएसए अरुण कुमार, लिपिक सुभाष और चालक विशाल मिश्रा को डेढ़ घंटे तक बैठाए रखा। केंद्र प्रभारी ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ परीक्षा में गड़बड़ी करने की तहरीर दी है।
डीएम डॉक्टर अनिल कुमार सिंह ने कहा कि बीएसए के चालक पर आरोप लगा है कि वह सरकारी गाड़ी से किसी बाहरी व्यक्ति को केंद्र पर नकल कराने ले गया था। पकड़े जाने के बाद उसे भगा दिया। पूरे प्रकरण की जांच के लिए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अभिषेक पांडेय को मौके पर भेजा गया है। इसमें बीएसए की भूमिका मिलने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति करते हुए रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।
इस मामले की जांच कर रहे ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अभिषेक पांडेय ने कहा कि परीक्षा के अंतिम समय में एक व्यक्ति ने बगैर अनुमति कक्ष में घुसकर परीक्षार्थी की उत्तर पुस्तिका में कुछ लिखने का प्रयास किया। कक्ष निरीक्षकों ने उसे पकड़कर बाहर किया तो वह भाग निकला। सीसीटीवी फुटेज की बारीकी से जांच कर उस व्यक्ति की पहचान करने के बाद उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
मेरे ऊपर झूठा आरोप : बीएसए
बीएसए अरुण कुमार ने कहा कि वह सेक्टर मजिस्ट्रेट की भूमिका में थे। पांच केंद्रों की जांच करने के बाद छठे केंद्र धर्मोदय विद्या विहार हाईस्कूल पर 12 बजकर 29 मिनट पर चालक विशाल मिश्रा और लिपिक सुभाष के साथ पहुंचे। परिसर में पर्यवेक्षक ओपी यादव से वार्ता कर रहे थे। तभी भगदड़ मच गई। केंद्र से जुड़े कुछ लोग उन्हीं के ऊपर नकल कराने का झूठा आरोप मढ़ने लगे। बाद में पुलिस भी पहुंच गई। जांच में सब कुछ स्पष्ट हो जाएगा। चालक पर भी मढ़ा गया आरोप गलत है।