परेशान बच्चे व अभिभावक बोले, तहसील पर होता केंद्र तो परीक्षा से वंचित नहीं होते परीक्षार्थी
एक ही विद्यालय के बच्चों का अलग-अलग विद्यालयों में बना दिया गया परीक्षा केंद्र
सिद्धार्थनगर/धेंसा। सभी विद्यालयों में कक्षा आठ में पढ़ रहे कमजोर आय वर्ग के छात्र-छात्राओं के लिए राष्ट्रीय आय एवं योग्यता आधारित छात्रवृत्ति परीक्षा रविवार को हुई। जिले के चार केंद्रों पर हुई परीक्षा में 1662 परीक्षार्थियों में से 1550 ने परीक्षा दी, जबकि 112 विद्यार्थी अनुपस्थित रहे।
शहर एवं आसपास चार परीक्षा केंद्र बनाने पर डुमरियागंज, इटवा, शोहरतगढ़ व बांसी से परीक्षा देने आए बच्चों व अभिभावकों काे परेशानी का सामना करना पड़ा। उनका कहना था कि परीक्षा केंद्र घर से 60 किमी से अधिक दूर बनाए जाने से अधिकांश बच्चों को यहां आकर केंद्र ढूंढने में कठिनाई हुई। इससे 112 की परीक्षा छूट गई।
शहर के सिंहेश्वरी इंटर कॉलेज में पांच सौ परीक्षार्थियों का सेंटर बना था। इसमें 462 उपस्थित रहे और 38 विद्यार्थी अनुपस्थित रहे। वहीं, राजकीय कन्या इंटर कॉलेज में 250 परीक्षार्थियों का सेंटर बना था। 18 अनुपस्थित रहे।
जय किसान इंटर कॉलेज सनई में 600 परीक्षार्थियों का सेंटर बना था। इसमें 569 उपस्थित व 31 अनुपस्थित रहे। मुस्लिम इंटर कॉलेज महदेईया में 312 परीक्षार्थियों का सेंटर बना था। यहां 287 उपस्थित व 25 अनुपस्थित रहे।
छात्र-छात्राओं व अभिभावकों ने बताया कि हम लोग दूर-दूर से अपने अपने बच्चों काे परीक्षा दिलवाने के लिए लाए हैं। हम लोगों को परीक्षा केंद्र पर समय से पहुंचने के लिए निजी व किराये पर वाहन करके परीक्षा केंद्र पर आना पड़ा। लोगों ने कहा कि यदि तहसील स्तर पर केंद्र बना होता तो परीक्षा देने में कठिनाई नहीं होती।
जय किसान इंटर कॉलेज सनई में सेंटर था। पचास किमी दूरी तय करके सुबह ही पापा के साथ घर से परीक्षा देने के लिए निकली थी।
-आंचल छात्रा, डुमरियागंज
कमजोर आय वर्ग के विद्यार्थियों के लिए इस परीक्षा का आयोजन किया गया था। ऐसे में गरीब बच्चों को परीक्षा देने के लिए 35 किमी दूर सेंटर बना दिया गया।
-गरिमा छात्रा, बांसी
छात्र-छात्राओं की संख्या कम थी, लेकिन तहसील स्तर पर परीक्षा केंद्र बना होता तो लोगों को परीक्षा देने के लिए परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता।
- महिमा पांडेय, छात्रा बर्डपुर
परीक्षा केंद्र दूर बनने से व एक ही विद्यालय के परीक्षार्थियों के लिए अलग-अलग केंद्रों पर परीक्षा केंद्र बनाने से कई की परीक्षा छूट गई और कठिनाई का सामना करना पड़ा।
-प्रिया, छात्रा मिठवल
वर्जन
सेंटर की जानकारी परीक्षार्थियों के प्रवेश पत्र पर लिख कर दे दी गई थी। केंद्र की सूची ऊपर से ही बना कर भेजी गई थी। उसी के अनुसार परीक्षा केंद्र निर्धारित किया गया था।
-उपेंद्र कुमार, डीआईओएस
तहसील मुख्यालय पर बने परीक्षा केंद्र
सिद्धार्थनगर। पूर्व माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला महामंत्री कलीमुल्लाह ने आगामी परीक्षाओं में बच्चों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिले के सभी तहसील मुख्यालयों पर परीक्षा केंद्र बनाए जाने की मांग की।
उन्होंने कहा कि जिले के राजकीय, सहायता प्राप्त एवं परिषदीय विद्यालयों के कक्षा आठ में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं की राष्ट्रीय आय एवं योग्यता आधारित छात्रवृत्ति योजना की परीक्षा का केंद्र सिर्फ शहर व आसपास बनाए जाने से दिक्कत हुई। दूर-दराज से आए छात्र-छात्राओं, शिक्षकों व अभिभावकों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है।