- देवरिया जिले का निवासी है वादी
पडरौना। किशोरी को बहला फुसलाकर भगा ले जाने एवं पाॅक्सो एक्ट के आरोपी की जमानत याचिका न्यायालय ने बुधवार को निरस्त कर दिया। आरोपी ने अपनी जमानत याचिका एडीजे के न्यायालय में दाखिल की थी।
अभियोजन पक्ष की तरफ़ से इस मुकदमे की पैरवी कर रहे विशेष शासकीय अधिवक्ता फूलबदन प्रसाद व अजय कुमार गुप्ता ने बताया कि वादी देवरिया जिले के तरकुलवा थाना क्षेत्र के निवासी है। उसने कुबेरस्थान थाने में तहरीर दी थी कि उसकी ससुराल कुबेरस्थान थाना क्षेत्र में है। उसकी पुत्री गांव के एक इंटर कॉलेज में 12 की छात्रा है। वह छात्रवृत्ति के लिए ऑनलाइन आवेदन करने के लिए घर से बताकर निकली थी, लेकिन घर नहीं पहुंची। देर होने पर शाम को लगभग चार बजे के बाद उसकी खोजबीन की गई तो पता नहीं चला।
पत्नी से पूछा तो उसने बताया कि एक युवक उसकी बेटी को रास्ते में आते जाते परेशान करता रहता था। उसे पूर्ण विश्वास है कि वही उसकी बेटी को बहला फुसलाकर भगा ले गया है। इस आधार पर पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध केस दर्ज कर विवेचना के बाद किशोरी को खोजकर परिजनों को सौंप दिया। उसके बयान के आधार पर दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की धारा बढ़ाई गई। आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। आरोपी ने अपनी जमानत याचिका अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट प्रभारी शैलेंद्र मणि त्रिपाठी के न्यायालय में प्रस्तुत किया। न्यायालय ने पीड़िता की उम्र व उसके बयान के आधार पर आरोपी के अपराध की गंभीरता को देखते हुए उसकी जमानत याचिका निरस्त कर दी।