मंसाछापर। मृत्यु प्रमाणपत्र देने के नाम पर रुपये लेने का वीडियो वायरल होने के मामले में निलंबित सचिव की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। एडीपीआरओ की जांच रिपोर्ट के बाद अंतरिम बहाल हुए बबुइया हरपुर के सचिव को डीपीआरओ ने दोबारा निलंबित कर दिया है। डीपीआरओ ने जांच रिपोर्ट में गड़बड़ी मिलने पर एडीपीआरओ माखन लाल यादव के विरुद्ध नोटिस जारी कर उनका जवाब मांगा है।
आकांक्षात्मक ब्लॉक विशुनपुरा के बबुइयां हरपुर गांव में तैनात रहे सचिव राघवेंद्र पटेल की तरफ से मृत्यु प्रमाणपत्र जारी करने के नाम पर एक लाभार्थी से तीन सौ रुपये लिए जा रहे थे। इस मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसे संज्ञान लेकर डीएम रमेश रंजन के निर्देश पर डीपीआरओ अभय यादव ने सचिव को बीते 30 दिसंबर को निलंबित कर एडीपीआरओ माखन लाल यादव को मामले की जांच के निर्देश दिए थे।
आरोप है कि जांच के बाद एडीपीआरओ माखन लाल यादव ने कुछ तथ्यों को छिपाकर जांच रिपोर्ट डीपीआरओ को सौंप दी थी। डीपीआरओ ने रिपोर्ट के आधार पर सचिव की बीते 17 फरवरी को अंतरिम बहाली कर दी। उसके बाद तथ्य छिपाने की जानकारी होने पर डीपीआरओ ने स्वत: संज्ञान लेकर 23 फरवरी को सचिव राघवेंद्र पटेल को दोबारा निलंबित कर दिया है। डीपीआरओ अभय यादव ने बताया कि तथ्य छिपाकर जांच रिपोर्ट मिलने की जानकारी मिली है। इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित सचिव को दोबारा निलंबित कर दिया गया है। इसके अलावा जांच में लापरवाही बरतने वाले एडीपीआरओ माखन लाल यादव को नोटिस जारी कर उनसे जवाब मांगा गया है।