फिर भी नहीं बनी पटरी, चार महीने में सिर्फ 20 मीटर ही हो पाया काम
पटरियां न बनने से व्यापारी और राहगीर परेशान
संवाद न्यूज एजेंसी
तमकुहीराज। कस्बे के दोनों तरफ सड़क की पटरियां बनवाने के लिए टेंडर रेवड़ी की तरह दे दिए गए, लेकिन तय समय सीमा अप्रैल में ही बीत जाने के बावजूद काम पूरा नहीं हुआ। अब तक लगभग 20 मीटर ही पटरी का निर्माण हो पाया है। बाकी जगह गिट्टियां गिराकर छोड़ देने से व्यापारियों और राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है।
तमकुहीराज कस्बे की मुख्य सड़क के दोनों तरफ लगभग तीन किलोमीटर पटरी का निर्माण होना है। इसके लिए 3.54 करोड़ रुपये का टेंडर निकाला गया। मात्र तीन किलोमीटर पटरी की इंटरलाकिंग और नाली निर्माण के लिए नौ लोगों को टेंडर दिया गया है। किसी ने भी अब तक काम पूरा नहीं किया है, जबकि काम समाप्त करने की अंतिम तिथि अप्रैल में थी। पटरी का निर्माण कार्य पूरा नहीं होने से दुकानदारों का व्यापार चौपट हो रहा है।
इसके विरोध में 29 मार्च को व्यापारी प्रदर्शन भी कर चुके हैं। राहगीरों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, जबकि इस कार्य के लिए 2.4 करोड़ रुपये अवमुक्त भी हो चुके हैं।
जाम की समस्या भी बढ़ी
अभी सहालग (लग्न) का समय है। आस पास के लोग कस्बे में सामान की खरीदारी करने आ रहे हैं। भीड़ अधिक होने की वजह से जाम लग जाता है। लोग सड़क पर ही गाड़ी खड़ी कर दे रहे हैं। नतीजतन, आवागमन में लोगों को दिक्कतें हो रही हैं।
टेंडर में भी किया गया खेल
कस्बे के लोगों का कहना है कि पटरी के निर्माण के टेंडर में भी खेल किया गया है। अपने चहेतों को टेंडर देने के लिए एक ही सड़क को नौ भागों में बांटा गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर 3.54 करोड़ का टेंडर निकाला जाता तो, इसमें खेल नहीं हो पाता। इसलिए इसे नौ भागों में बांटा गया। यही वजह है कि तय समय में निर्माण पूरा नहीं हो सका। हालांकि, इधर नगर पंचायत का गठन होने के बाद से तरया मोड़ के पास निर्माण कार्य शुरू कराया गया और करीब 20 मीटर तक काम पूरा हो गया है, लेकिन अभी पूरी सड़क ही बाकी है।
वर्जन-
अप्रैल माह तक कार्य समाप्त करने का समय निर्धारित था। इस कार्य में हो रही देरी के लिए संबंधितों को नोटिस दिया गया है। 15 दिनों के भीतर कार्य समाप्त करने की चेतावनी भी दी गई है।
-अमित सिंह, ईओ, नगर पंचायत तमकुहीराज