विश्वविद्यालय के लिए 390.54 एकड़ भमि की जरूरत, इंतजाम में जुटा प्रशासन
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। कुशीनगर में बनने वाले कृषि विश्वविद्यालय के लिए 390.54 एकड़ भूमि की जरूरत होगी। इसके निर्माण पर 750 करोड़ रूपये खर्च होंगे। शासन की मंजूरी मिलने के बाद जिला प्रशासन जरूरत के मुताबिक भूमि की तलाश में जुट गया है।
कुशीनगर विधायक पीएन पाठक ने बताया कि कुशीनगर में कृषि विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए लंबे समय से प्रयास चल रहा था। कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद उसे धरातल पर उतारने का रास्ता साफ हो गया है। उन्होंने बताया कि कृषि विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए कुल 390.54 एकड़ जमीन की जरूरत है। इसके निर्माण पर करीब 750 करोड़ रुपये खर्च हाेंगे। प्रशासन जमीन की व्यवस्था करने में जुटा है। इसके लिए कुशीनगर में किसानों से ली गई मैत्रेय परियोजना के लिए अधिग्रहीत करीब 145.82 एकड़, तमकुहीराज तहसील क्षेत्र के सरगटिया कृषि अनुसंधान केंद्र व गाजीपुर फार्म से करीब 185 एकड़ जमीन आईसीएआर से स्वीकृति के बाद ली जाएगी। इस दौरान चेयरमैन प्रतिनिधि राकेश जायसवाल, अनिल प्रताप राव, विधायक प्रतिनिधि रुद्रप्रताप सिंह, डाॅ. अमृतांशु शुक्ल, नीतीश यादव, राधेश्याम गोंड, शैलेंद्र सिंह, शुभम दीक्षित, पुण्य प्रकाश तिवारी, विनोद गिरी, सचिन पाठक आदि मौजूद रहे।