सरायअकिल के पनारा गोपालपुर गांव के नन्हे लाल दिवाकर ने बताया कि रविवार रात करीब दो बजे उनका बड़ा बेटा अरविंद दिवाकर (32) मझले बेटे आशीष की बीमार पत्नी खुशबू दिवाकर और अपनी साली शिल्पा को कार से इलाज कराने लखनऊ के लिए निकला था।
भोर में करीब चार बजे जैसे ही वह रायबरेली के ऊंचाहार के समीप पहुंचे तभी अरविंद को नींद आ गई। इससे अनियंत्रित हुई कार सड़क किनारे खड़े डंपर से टकरा गई।
हादसे में हादसे में अरविंद की मौत हो गई जबकि अन्य लोग गंभीर रूप से जख्मी हैं। घायलों को इलाज के लिए लखनऊ के अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सोमवार देर शाम गांव आए अरविंद के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है।