मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दीपक कुमार जायसवाल की अदालत ने घरेलू गैस सिलिंडर का व्यावसायिक इस्तेमाल करने के आरोपी को दो साल की सजा व पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड की रकम जमा नहीं करने पर कोर्ट ने तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतने का आदेश दिया है।
पूर्ति निरीक्षक मंझनपुर अनिल कुमार ने 29 सितंबर 2009 को कस्बे के चकनगर प्रथम निवासी शिवरतन गुप्ता की चौराहा स्थित मिठाई की दुकान पर छापा मार कर घरेलू गैस सिलिंडर बरामद किया था। दुकानदार इस सिलिंडर को मिठाई बनाने में प्रयोग कर रहा था। बरामदगी के बाद पूर्ति निरीक्षक शिवरतन के खिलाफ मंझनपुर कोतवाली ईसी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करा दिया था। विवेचनात्मक कार्रवाई करते हुए उपनिरीक्षक आरके सिंह ने आरोपी के खिलाफ अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया। मुकदमे का ट्रायल मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दीपक कुमार जायसवाल की अदालत में किया गया। विशेष लोक अभियोजक अभयराज विश्वकर्मा ने वादी समेत पांच गवाहों को न्यायालय में पेश करके गवाही कराई। दोनों ओर से की गई बहस को सुनने व पत्रावली में उपलब्ध साक्ष्य का मूल्यांकन करने के बाद बुधवार को कोर्ट ने शिवरतन को दोषी करार देते हुए सजा सुना दी।