सदल हत्याकांड: पुलिस की तीन टीमों के हाथ लगे चार सीसीटीवी फुटेज
- वारदात के खुलासे को लेकर फिलहाल पुलिस के हाथ खाली
- तकनीकी साक्ष्य जुटाकर वारदात के खुलासे की कड़ी जोड़ रही पुलिस
संवाद न्यूज एजेंसी
मंझनपुर। कोखराज कोतवाली के मलिकपुर महेवा निवासी सदल की हत्या के मामले में फिलहाल पुलिस के हाथ खाली हैं। वारदात के बाद पुलिस की तीन टीमों ने सदल के घर से लेकर घटना स्थल तक पहुंचने के चार सीसीटीवी फुटेज खंगाले। सात संदिग्धों की तलाश में दबिश भी दी, लेकिन जांच अब तक जीरो पर ठहरी हुई है। हालांकि, पुलिस जल्द ही वारदात के खुलासे का दावा कर रही है।
सदल की पत्नी मीना ने जिन तीन लोगों के खिलाफ 36 घंटे बीतने के बाद हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है, असल में वह मृतक नहीं, बल्कि पीड़िता के घरवालों से रंजिश रखते थे। रंजिश भी ऐसी जिसका खात्मा करीब 35 साल पहले हो चुका है। ऐसे में सवाल उठता है कि यदि वह हत्या करते तो सदल नहीं बल्कि उसके साले की करते। तहरीर के मजमून कुछ यही बयां कर रही है। ऐसे में सदल (दामाद) की हत्या किया जाना? पुलिस अफसरों को हजम नहीं हो रहा है। जिन लोगों को नामजद किया गया, वह घटना वाले दिन ही पुलिस को मिल गए। पूछताछ में भी पुलिस को उनसे कुछ नहीं हासिल हो सका। फिलहाल पुलिस की अब तक की जांच बेनतीजा रही। थानाध्यक्ष चरवा जगदीश प्रसाद का कहना है कि घटना के खुलासे के लिए एसओजी समेत तीन टीमों का गठन किया गया है। मृतक के घर से लेकर घटना स्थल तक के चार सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए हैं। दर्जन भर से ज्यादा लोगों के मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लेकर ट्रेस किए जा रहे हैं। जल्द ही घटना का सही खुलासा किया जाएगा।