ज्यादा दिक्कत होगी तो जाएंगे सीएचसी
शनिवार को भी करीब 30 मरीजों ने फार्मासिस्ट से उपचार कराया। ककाेढ़ा की रेखा, माया देवी, अमहा की किरण देवी, गरीब का पुरवा के मनोज कुमार, बघेलापुर के मोतीलाल ने पीएचसी में फार्मासिस्ट से दवाएं लीं। कोई बुखार से पीड़ित था तो त्वचा रोग से। इनका कहना था कि डॉक्टर को दिखाने आए थे, लेकिन पता चला कि वह हैं ही नहीं। फार्मासिस्ट ने दवा दी है। आराम मिल गया तो ठीक अन्यथा, दोबारा यहां नहीं आएंगे। मजबूरन सीएचसी मूरतगंज या फिर मंझनपुर स्थित मेडिकल कॉलेज जाना पड़ेगा।
पीएचसी चमरूपुर में दो चिकित्सक थे। जिनमें से एक ने त्यागपत्र दे दिया है। वहीं दूसरे चिकित्सक प्रशिक्षण के लिए लखनऊ गए हैं। उच्चाधिकारियों से वार्ता करके दूसरे चिकित्सक को यहां संबद्ध कराया जाएगा, ताकि मरीजों को किसी तरह की दिक्कत न हो। - डॉ. औचित्य सिंह, प्रभारी चिकित्साधिकारी, सीएचसी, सिराथू