मंझनपुर/चरवा। धूप खिलने के बाद भी कौशाम्बी में शीतलहर का प्रकोप कम नहीं हो रहा है। दिन-रात तेज बर्फीली हवाओं का जानलेवा कहर अब भी लोगों की जान लेने पर अमादा है। शीतलहर की चपेट में आने से मंगलवार की रात जफरपुर सिराथू गांव के सींचपाल समेत दो लोगों की मौत हो गई। जिले में ठंड की चपेट में आने से महीनेभर के भीतर अब तक 40 से ज्यादा मौतें हुई हैं।
कौशाम्बी में महीनेभर से भीषण ठंड पड़ रही है। हालांकि दो दिन से मौसम में बदलाव हुआ है। दिन में तेज धूप खिलने लगी है। इससे दिन का तापमान बढ़ा है। बुधवार को ही दिन में कौशाम्बी का पारा 20 डिग्री सेल्सियस रहा। पर, दिन-रात चल रही बर्फीली हवाओं के कारण शाम होते ही ठंड अपने पांव पसार लेती है। इसके कारण मंगलवार की रात का तापमान 9 डिग्री सेल्सियस रहा। इधर, तेज बर्फीली हवाओं के कारण ठंड अब भी जानलेवा बनी हुई है। इसकी चपेट में आने से मौत भी जारी है। मंगलवार की रात ही ठंड की चपेट में आने से सिराथू क्षेत्र के जफरपुर गांव निवासी केदानाथ (50) पुत्र राजाराम की मौत हो गई।
राजाराम कुंडा (प्रतापगढ़) में सींचपाल पद पर तैनात है। परिजनों के मुताबिक मंगलवार की शाम वह ड्यूटी से घर लौटा था। रात में ही अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। पेट में असहनीय दर्द के साथ उसे उल्टियां होने लगीं। हालात खराब होने पर परिजन उसे अस्पताल ले जाने की तैयारी करने लगे। पर, देखते ही देखते उसकी सांसें थम गईं। इसी तरह से चायल तहसील के बड़ागांव निवासी राम सजीवन (55) की भी मंगलवार की रात ठंड लगने से मौत हो गई।