नेवादा/बारा (कौशाम्बी)। घर के भीतर संदिग्ध हालात में जलने से जाठी गांव की विवाहिता दीपा देवी की शुक्रवार सुबह मौत हो गई। मायकेवालों ने ससुरालियों पर दहेज हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कौशाम्बी थाने के बनीखास गांव के गणेशदत्त द्विवेदी की बेटी दीपा देवी (25) की शादी वर्ष 2013 में जाठी गांव के हनुमान प्रसाद उर्फ गोरेलाल मिश्र से हुई थी। इस समय उसे छह महीने की एक बेटी भी है। शुक्रवार सुबह दीपा देवी की संदिग्ध परिस्थितियों में घर के भीतर जलने से मौत हो गई। विवाहिता की चीखें सुनकर परिवार के सदस्य और ग्रामीण दौड़े तो उसे लपटों से घिरी देख उनके होश उड़ गए। गांववालों ने आग बुझाकर उसकी जान बचाने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। बेटी की मौत की खबर लगते ही मायकेवाले जाठी गांव पहुंच गए। शव देखते ही मां और मायके के अन्य परिजन दहेज के लिए जलाकर मार डालने का आरोप लगाने लगे।
मां ने बताया कि शादी के बाद से ही ससुराल के लोग बाइक और एक लाख रुपये की मांग कर रहे थे। इसके लिए विवाहिता को प्रताड़ित किया जाता था। बेटी को ससुरालियों के उत्पीड़न से बचाने के लिए अभी साल भर पहले ही मोटरसाइकिल खरीदकर दी गई थी। मगर पैसों का इंतजाम नहीं हो सका। महिला की मानें तो इसी एक लाख रुपये की मांग पूरी न होने से उसकी बेटी को जिंदा जलाकर मार डाला गया। उसने पति, सास और ससुर पर दहेज हत्या का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर भी दी। विवाहिता की मौत पर पहुंची पुलिस ने छानबीन के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। एसओ ने बताया कि घटना की बारीकी से जांच की जा रही है। तफ्तीश और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।