मंझनपुर। सिंघिया गांव के रहने वाले आटा मिल मजदूर लालता प्रसाद के हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं होने से उसका पूरा परिवार परेशान है। दो महीने से भटक रहे बीवी-बच्चों ने इलाकाई पुलिस पर मनमानी का आरोप लगाते हुए सोमवार को इसकी शिकायत डीएम से की। जिलाधिकारी ने एसपी को कार्रवाई के लिए लिखने का भरोसा पीडिता को दिलाया है।
बता दें कि कोखराज कोतवाली क्षेत्र के सिंघिया गांव का रहने वाला लालता प्रसाद भरवारी स्थित एक आटा मिल में मजदूरी करता था। उसकी पत्नी मालती देवी के मुताबिक 5 दिसंबर 2014 को वह काम पर गए थे, रात में घर नहीं लौटे थे। अगले दिन सुबह जब वह पति के लिए खाना लेकर मिल में गई, तो मुंशी ने बताया कि रात में ही लालता घर चला गया था। वहीं अगले दिन सुबह गांव के समीप ही लालता की लाश पड़ी मिली। विवाहिता ने मिल मालिक और मुंशी आदि पर हत्या कराने की आशंका जाहिर करते हुए मामले की तहरीर कोखराज थाने में दी।
आरोप है कि नामजद तहरीर देने के बाद भी पुलिस ने अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की है। विवाहिता की मानें तो उसने एसपी, सीओ से कई बार शिकायत की। इसके बाद भी पुलिस उसके पति की हत्या का खुलासा करते हुए हत्यारों की गिरफ्तारी अब तक नहीं कर सकी है। उसने इलाकाई पुलिस ने हत्यारों की मदद करने का आरोप लगाते हुए सोमवार को इसकी शिकायत जिलाधिकारी से की। जिलाधिकारी राजमणि यादव ने मामले में एसपी को लिखकर घटना की निष्पक्ष जांच कराकर हत्यारों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी करवाने का भरोसा पीड़िता को दिलाया है।