महेंद्र कुमार के रोते-बिलखते परिजन।
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कोखराज के बालकमऊ में झोलाछाप डॉक्टर महेंद्र कुमार की मंगलवार रात चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई। चिकित्सक घर के बाहर सो रहा था। सुबह खून से सनी उसकी लाश चारपाई पर मिली। मृतक ग्राम प्रधान के घर में क्लीनिक चलाता था और वहीं दो साल से रहता था। सूचना पर कोखराज थाने की पुलिस ने जांच के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। भाई की तहरीर पर अज्ञात हत्यारों के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस ने तफ्तीश शुरू कर दी है।
आलमचंद्र निवासी महेंद्र कुमार (25) पुत्र रामसेवक पांच भाईयों में तीसरे नंबर का था। वह करीब आठ साल से बालकमऊ गांव में क्लीनिक खोलकर इलाज करता था। उसके पास कोई डिग्री नहीं थी। दो साल पहले उसने अपनी क्लीनिक बालकमऊ के ग्राम प्रधान राकेश कुमार के यहां खोल ली थी। क्लीनिक के बगल वाले कमरे में महेंद्र सोता था। मंगलवार रात उमस भरी गर्मी होने के कारण महेंद्र कमरे के बाहर सो रहा था। कातिलों ने मौका देख कर किसी वजनी चीज से महेन्द्र के सिर पर जोरदार वार किया जिससे उसका सिर फट गया।
प्रहार इतना जबर्दस्त था कि खून के छींटे दीवार तक पहुंच गए । इसके बाद कातिलों ने चाकू से उसके चेहरे पर कई बार वार किए। महेंद्र की मौत की तसल्ली होने के बाद हत्यारे भाग निकले। सुबह जब ग्रामीणों ने लाश देखी तो पुलिस को सूचना दी। कोखराज एसओ बृजेश द्विवेदी मौके पर पहुंचे। जानकारी मिलने के बाद महेंद्र के परिजन रोते-बिलखते बालकमऊ पहुंचे । पुलिस ने पूछताछ के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। भाई राजेंद्र की तहरीर पर अज्ञात हत्यारों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। घटना की वजह आशनाई बताई जा रही है। पुलिस इसी बिंदु पर मामले की पड़ताल कर रही है।