कौशाम्बी इलाके के एक गांव की किशोरी को महीने भर पहले अगवा कर दरिंदों ने उसके साथ हैवानियत की। दरिंदगी के बाद किशोरी को गांव छोड़कर युवक भाग निकले। घर पहुंची पीड़िता ने आपबीती परिजनों को बताई। आरोप है कि दूसरे दिन वह शिकायत लेकर थाने पहुंची तो पुलिस ने उसकी एक नहीं सुनी। इलाकाई पुलिस से न्याय नहीं मिलते देख पीड़िता ने अदालत का दरवाजा खटखटाया। अदालत के आदेश पर कौशाम्बी पुलिस ने दुराचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर घटना की तफ्तीश शुरू कर दी है।
कौशाम्बी थाना क्षेत्र के एक गांव की किशोरी 20 जुलाई की शाम घर से खेत की ओर गई थी। बताया कि इसी दौरान गांव के तीन युवक उसके पास पहुंचे और अगवा कर लिया। गांव के बाहर ले जाकर उसके साथ हैवानियत की। दरिंदगी के बाद युवक किसी से कुछ भी बताने पर जान से मारने की धमकी देते हुए गांव के समीप छोड़कर भाग निकले। देर रात घर पहुंची पीड़िता ने परिजनों को आपबीती बताई। पीड़िता की मां ने बताया कि दूसरे दिन वह पीड़िता को लेकर थाने पहुंची तो पुलिस ने उसे डांटकर भगा दिया। इलाकाई पुलिस से न्याय नहीं मिलते देख पीड़ित परिवार ने अदालत में न्याय की गुहार लगाई। अदालत के आदेश पर शुक्रवार को पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने गांव के तीन युवकों के खिलाफ दुराचार का मामला दर्ज कर लिया है। एसओ ने बताया कि मामला पूरी तरह से संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। किशोरी का अपहरण नहीं किया गया था। उसे बहला-फुसलाकर युवक भगा ले गए थे। घटना की जांच पड़ताल की जा रही है। तफ्तीश और पीड़िता के बयान के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।