चायल/सरायअकिल। सरायअकिल कोतवाली के सुरसेनी गांव में विकास कार्यों की हकीकत जांचने पहुंचे अफसरों के सामने पूर्व प्रधान मनोज द्विवेदी पर रायफल व तमंचे से लैस हमलावरों ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। वारदात को अंजाम देकर हमलावर भाग निकले। जख्मी पूर्व प्रधान को इलाज के लिए प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डीएम-एसपी ने गांव पहुंचकर हालात का जायजा लिया। तनाव के मद्देनजर गांव में कई थानों की फोर्स तैनात कर दी गई है।
सुरसेनी गांव की प्रधान मीना देवी पत्नी ज्ञानेंद्र शुक्ला उर्फ कमीशन महराज के खिलाफ गांव के पूर्व प्रधान मनोज द्विवेदी ने दो महीने पहले डीएम मनीष कुमार वर्मा से शिकायत कर विकास कार्यों के पैसे में गबन का आरोप लगाया था। डीएम के निर्देश पर प्रधान का बस्ता रखवा दिया गया और तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया। कमेटी में पूर्व प्रधान मनोज द्विवेदी के चाचा प्रेम द्विवेदी, चंद्रकांत व वीराना शामिल थे। शनिवार को गांव में विकास कार्यों का सत्यापन करने के लिए आरईएस के एसडीओ एसके सिन्हा को पहुंचना था। एसके सिन्हा के पहुंचने से पहले वीडीओ जयसिंह व जेई सुनील खरवार दोपहर एक बजे सुरसेना स्थित प्राथमिक स्कूल पहुंचे।
स्कूल में बच्चे होने के कारण बाहर ही बैठक की औपचारिकता शुरू की गई। इस दौरान दर्जन भर लोग पहले से बैठक स्थल पर मौजूद थे। दोपहर 1.30 बजे पूर्व प्रधान मनोज द्विवेदी, बीडीसी प्रेमचंद्र के साथ मौके पर पहुंचे। मनोज के पहुंचते ही पहले से मौजूद लोगों ने उन पर राइफल व तमंचे से फायर कर दिया। एक गोली मनोज के कंधे से लगते हुए सीने में जा धंसी तो वह उठकर भागने लगे। इस पर हमलावरों ने दौड़ाकर ताबड़तोड़ फायर कर दिए। मौके पर पांच फायर किए गए। घटना के बाद हमलावर भाग निकले। पूर्व प्रधान कोगोली सीने, सिर के समीप व पेट में लगी है। शोरगुल होने पर ग्रामीणों के साथ परिजन पहुंचे और जख्मी पूर्व प्रधान को फौरन सीएचसी सरायअकिल ले गए। यहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे एसआरएन रेफर कर दिया गया। घटना की सूचना पर डीएम मनीष कुमार वर्मा, एसपी प्रदीप गुप्ता, सरायअकिल इंस्पेक्टर पीके राय पांच थानों की फोर्स के साथ पहुंच गए। मामले में शाम तक तहरीर नहीं दी गई थी। पुलिस घटना को चुनावी रंजिश मान रही है।